
पहले भी हो चुकी है सोने की लूट, सुरक्षा को रखा था गनमैन
जोधपुर.
जयपुर से जोधपुर सोना लाने के दौरान बिलाड़ा के आस-पास तीन-चार साल पूर्व करोड़ों रुपए के सोने की लूट हो चुकी है। दो साल पहले वारदात में बिलाड़ा थाना पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार किया था। डीआरआइ ने लग्जरी कार में बनाए गोपनीय बॉक्स से जो ५.५ किलो सोना जब्त किया है उसी कारोबारी का ढाई तीन साल पहले सोना लूट लिया गया था। इसलिए सुरक्षा के लिहाज से पूर्व सैनिक को बतौर सुरक्षाकर्मी कार में साथ रखते हैं।
स्वर्णाभूषण कारोबारी सुशांत का कहना है कि ढाई-तीन साल पहले भी सोना लूटा जा चुका है। तब से पीएसओ साथ रख रहे हैं। कार में सोना लेकर आने के दौरान सुबह सात बजे बिलाड़ा के पास लघुशंका करने रूके थे। तब कार में छह-सात जने आए और चालक से चाबी छीन ली। वे कार जबरन ले जाने लगे। परिचय न देने से लुटेरों का अंदेशा होने पर पीएसओ ने गोली चला दी। जो कार कांच पर लगी। इससे सभी भाग गए थे। पीएसओ ने मालिक को सूचना दी तो उन्हें नजदीक थाने जाने की सलाह दी गई, लेकिन चाबी पास न होने से वे एेसा नहीं कर पाए। कुछ देर में पुलिस चाबी लेकर आई और कार को थाने ले गई। डीआरआइ ने जो सोना जब्त किया है वो बेचने के लिए ले गए थे, लेकिन भाव न मिलने पर बिक नहीं पाया तो वापस ला रहे थे। यह सोना स्थानीय स्तर पर निर्मित है। उस पर स्विस मार्का लगाया गया है। जबकि यह स्विस का माल नहीं है।
सुरक्षा के लिए पीएसओ रखा
कारोबारी के साथ ढाई-तीन साल पहले सोना लूटा जा चुका है। इसके कुछ समय बाद फिर बिलाड़ा क्षेत्र में सोने की लूट हुई तो इस वारदात का भी खुलासा हुआ था। सोने-चांदी को लाने के दौरान सुरक्षा के लिए सेवानिवृत्त फौजी मनोहरसिंह को पीएसओ (सुरक्षा गार्ड) रखा था।
Published on:
19 Sept 2020 07:00 am
