
अखंड सौभाग्य के लिए तीजणियों ने रखा व्रत, रात्रि 9.07 बजे होगा चन्द्रोदय
जोधपुर. अखंड सुहाग व मनोनुकूल वर की कामना से जुड़ा लोकपर्व बड़ी तीज ‘कजळी तीज’ बुधवार को पारम्परिक हर्षोल्लास के साथ धूमधाम से मनाया जाएगा। सुहागिनें अखंड सौभाग्य व कुंवारी कन्याएं मनोनुकूल वर की कामना से तीज का व्रत रखेंगी। चन्द्रप्रधान व्रत रखने वाली तीजणियां दिन भर निराहर रहकर रात्रि चन्द्रोदय के दर्शन व पूजन कर व्रत का पारणा करेंगी। तीज का उद्यापन करने वाली तीजणियां परम्परानुसार सोलह तीजणियों को चने,चावल व जौ के आटे से निर्मित सत्तू भेंट कर उनसे अखंड सुहाग का आशीर्वाद प्राप्त करेंगी। इस मौके प्रमुख मंदिरों में ठाकुरजी का ऋतुपुष्पों से विशेष शृंगार किया जाएगा। तीजणियां सूर्यास्त के बाद चन्द्रोदय तक क्षेत्र की बुजुर्ग महिला से तीज माता की पौराणिक कथाओं का श्रवण तथा मंदिरों में दर्शन करेंगी।
पूर्व संध्या पर मेहंदी रचाने की प्रति उत्साह
मारवाड़ में लोक पर्व के रूप में मनाए जाने वाले पर्व की पूर्व संध्या पर तीजणियों ने मान मनुहार के साथ सिंजारा ग्रहण किया। तीजणियों में मेहंदी रचाने के प्रति खासा उत्साह नजर आया। नवविवाहित तीजणियां नख से शिख से सजने संवरने की तैयारियों में जुटी नजर आई। बुधवार शाम जोधपुर का मौसम अनुकूल रहने पर चन्द्रोदय रात 9.0७ बजे होगा।भीतरी शहर में रही धमोळी की धूम
तीज की पूर्व संध्या पर मंगलवार रात परकोटे के भीतरी शहर में मंगलवार देर रात तक धमोळी की धूम रही। आडा बाजार से नवचौकिया तक जगह-जगह लगी अस्थाई मिष्ठान और व्यंजनों की स्टॉलों पर व्रत रखने वाली तीजणियों के लिए लागत दरों पर खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराए गए। नवचौकिया, जूनी मंडी चौक, आसोप की पोल, तापी बावड़ी, भीमजी की हथाई, हटडि़यों का चौक, जालप मोहल्ला आदि क्षेत्रों में रियायती व लागत दरों पर पावभाजी, रसमलाई, कबूली, डोसा, फ्रूट क्रीम, रबड़ी के घेवर, मावा कचौरी व मिर्ची बड़े सहित दक्षिण भारतीय व्यंजनों की स्टॉलें लगाई गई।
Published on:
25 Aug 2021 01:24 pm
