ययाति का किला पुरातत्व विभाग के अधीन है। इसी के चलते केडीए ने राज्य पुरातत्व विभाग को पत्र भेजकर इसके सुंदरीकरण की इजाजत मांगी है। केडीए वीसी विलयेंद्र पंडियन ने बताया कि किले पर गार्डेन लगाने के साथ ही फेस लिफि्ंटग के लिए पुरातत्व विभाग को पत्र लिखा गया है। पत्र में कहा गया है कि किले के मूल स्वरूप से कोई छेड़छेड़ नहीं की जाएगी। बस केडीए का मकसद किले को नया लुक देने का है। इस तरह से सुंदरीकरण किया जाएगा की दूर से गंदा दिखने वाला टीला बेहतरीन लगे।