
अब ‘अमृत’ की हकीकत से उठेगा पर्दा
कानपुर। शहर में चल रहे अमृत योजना के तहत 8 प्रोजेक्ट की जीओ टैगिंग कर शासन को पूरी जानकारी देनी है. अभी तक क्या कार्य हुआ, कितना कार्य किया गया, प्रोजेक्ट एरिया की जीओ टैगिंग कर फोटो भी अपलोड करनी है. इस कार्य के लिए कड़े निर्देश शासन से आए हैं, जबकि अभी तक जल निगम की ओर से जीओ टैगिंग का कार्य पूरा नहीं किया जा सका है. यह हाल तब है जब केंद्र सरकार की ओर से इस योजना की पल-पल की मॉनिटरिंग की जा रही है.
होना है ये काम
शासन में 25 अक्टूबर को हुई बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए गए थे कि 3 दिन में जीओ टैगिंग के कार्य और फोटो अपलोड करने का कार्य पूरा कर लिया जाए. योजनाओं की मॉनिटरिंग के लिए एम अमृत ऐप शुरू किया गया है, जिसमें सभी जानकारियों को अपलोड किया जाना है.
सामने आई सच्चाई
अमृत योजना के तहत पार्कों के सुंदरीकरण और नए पार्क बनाने को लेकर 13 पार्क चुने गए थे. फर्स्ट फेज में सिर्फ इंद्रा पार्क, सत्यम विहार पार्क और दयानंद पार्क के निर्माण में हरियाली का कार्य पूरा होना है. वहीं दूसरे फेज़ में सिर्फ कारगिल पार्क का ही कार्य हो सका है. गुलाब गार्डन का निर्माण कार्य अभी फाइलों में ही लटका है, जबकि थर्ड फेज की अभी शुरुआत ही नहीं की गई है.
इसमें भी कार्य है धीरे
अमृत में सीवर और पेयजल योजना का कार्य वक्त से पीछे चल रहा है. डिस्ट्रिक्ट-1 के 34 वार्डों में 370 करोड़ से नई सीवर लाइन डालने और पुरानी सीवर लाइनों की सफाई और मेंटेनेंस का कार्य किया जा रहा है. जगह-जगह सीवर सफाई की जा रही है. वहीं डिस्ट्रिक्ट-1 में 290 किमी सीवर लाइन की साफ हो रही है. कल्याणपुर में 100 किमी और डिस्ट्रिक्ट-1 में 250 किमी सीवर लाइन बिछाये जाने का कार्य किया जाना है.
ऐसा कहते हैं अधिकारी
इस बारे में नगर निगम के उद्यान अधीक्षक वीके सिंह कहते हैं कि अमृत योजना के तहत फर्स्ट और सेकेंड फेज में पार्कों का निर्माण तेजी से पूरा किया जा रहा है. वक्त से कार्य थोड़ा पीछे है, लेकिन जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा. वहीं जल निगम के जीएम आरके अग्रवाल कहते हैं कि फोटो अपलोड करने के लिए निर्देश दिए जा चुके हैं. वैसे हर बार लगातार नियमित जानकारी शासन को भेजी जाती है. जीओ टैगिंग का कार्य अंतिम चरण में है.
Published on:
02 Nov 2018 08:41 am
बड़ी खबरें
View Allकानपुर
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
