लंबे समय से ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के लिए दावेदार सीट के सामान्य या आरक्षित होने की घोषणा को बेसब्र हैं।
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
कानपुर. जिला पंचायत अध्यक्ष (Jila panchayat election) के आरक्षण की घोषणा कर बाद से सरगर्मी तेज हो गई। वहीं अब ग्राम पंचायत आरक्षण (Panchayat election) को लेकर आस लगाए बैठे लोगों में उत्सुकता बढ़ी हुई है। लंबे समय से ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के लिए दावेदार सीट के सामान्य या आरक्षित होने की घोषणा (Seat Reservation Announced) को बेसब्र हैं। इसके चलते नए व पुराने सभी दावेदार पंचायतों में सीटों को लेकर अनुमान लगा रहे हैं। वहीं जिला पंचायतराज अधिकारी ने 24 फरवरी को ग्राम पंचायतवार आरक्षण (Gram Panchayat Reservation) की घोषणा करने की बात कही है। आरक्षण को लेकर लगभग तैयारियां पूरी हो गई हैं।
कानपुुर के जिला पंचायतराज अधिकारी (District Panchayat Officer) कमल किशोर के मुताबिक 201 ग्राम पंचायतों को महिला प्रधान मिलना तय है। इन ग्राम पंचायतों में से 49 में अनुसूचित जाति, 55 में पिछड़ा वर्ग और शेष 97 का प्रतिनिधित्व सामान्य वर्ग की महिलाएं करेंगी। अनुसूचित जनजाति के लिए जिले में एक भी ग्राम पंचायत आरक्षित नहीं की गई है।
नई आरक्षण नीति के बाद सबसे ज्यादा 26-26 महिला प्रधान घाटमपुर और भीतरगांव में होंगी। जबकि सबसे कम 9 ककवन ब्लॉक में होंगी। कल्याणपुर में 17, बिधनू में 20, सरसौल में 21, बिल्हौर में 23, शिवराजपुर में 22, चौबेपुर में 20 और पतारा में 17 महिला प्रधान होंगी। पिछले आरक्षण को लेकर इस बार जरा सा फेरबदल किया गया है। पतारा ब्लॉक की अनुसूचित महिला की एक सीट को कम करके उसे सामान्य महिला के लिए आरक्षित कर दिया गया है।