किसके इशारे पर बैंक में खोले थे बोगस खाते पुलिस को नहीं बताया, जिनमें हुआ था करोड़ों रुपए का फर्जी लेनदेनजब्त हुए खाता नंबर व उसके दस्तावेज की पुलिस ने शुरू की जांच, भोपाल की फ्रिंगरप्रिंट एक्सपर्ट टीम से कराई जाएगी जांच
कटनी. हवाला कांड का पकड़ा गया आठवां आरोपी मोहम्मद यासीन गुरुवार को पूछताछ के बाद पुलिस द्वारा जेल भेज दिया गया है। चार दिन पहले कोतवाली पुलिस ने जबलपुर से आरोपी को दबोचा था। न्यायालय में पेश कर पूछताछ के लिए तीन दिन की रिमांड पर लिया। तीन दिनों में आरोपी ने पुलिस को यह राज नहीं उगले की आखिर किसके इशारे पर उसने रजनीश तिवारी के नाम से एसके मिनरल्स, श्री मिनरल्स कंपनी के बोगस खाते खोले। बताया जा रहा है कि वह सिर्फ यह कहता रहा कि मैने किसी आदमी से दस्तखत बनवाकर खाता खोल दिया था। मुझे यह बिल्कुल याद नहीं है कि किसके कहने पर खाता खोला था। बता दें कि 2016 में ऑटो चालक रजनीश तिवारी के नाम से बोगस खाते खोलकर करोड़ों रुपए का लेनदेन हुआ था। आयकर विभाग के नोटिस के बाद हड़कंप मचा और पीडि़त रजनीश की कोतवाली थाने में शिकायत के बाद मामला उजागर हुआ। 12 जुलाई 2016 को एफआइआर दर्ज होने के बाद हवाला कांड का जिन्न बाहर निकला। 500 करोड़ रुपए से अधिक का हवाला कांड कई साल सुर्खियों में रहा, जिसमें सतीश सरावगी, मनीष सरावगी जैसे बड़े-बड़े कारोबारी आरोपी बने।
दस्तावेजों का होगा मिलान व पुष्टी
कोतवाली पुलिस द्वारा बुधवार को आठवें आरोपी मोहम्मद यासीन को एक्सिस बैंक लेकर पहुंची थी और खोले गए फर्जी खातों की जानकारी जुटाई। गुरुवार को बैंक प्रबंधन ने दोनों बैंक खाते व उसके दस्तावेज पुलिस को मुहैया कराए हैं। पुलिस ने इन इस्तावेजों को जब्त कर लिया है। इनका मिलाना न्यायालय में जप्त दस्तावेजों से भी होगा। भोपाल में हैंडराइटिंग फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट से भी जांच कराई जाएगी।
7 दिन का मांगा है समय
पुलिस द्वारा हवाला कांड के मामले में मोहम्मद यासीन द्वारा रजनीश तिवारी के नाम से खोले गए एसके मिनरल्स, श्री मिनरल्स के फर्जी बैंक खाते में हुए लेनदेने का स्टेटमेंट मांगा है। हालांकि दो दिनों में एक्सिस बैंक प्रबंधन ने स्टेटमेंट नहीं दिया है। बैंक प्रबंधन ने पुलिस को संपूर्ण लेनेदेन की जानकारी के दस्तावेज देने के लिए सात दिन की मोहलत मांगी है।
स्टेटमेंट के आधार पर पुलिस करेगी पूछताछ
एक्सिस बैंक प्रबंधन द्वारा जब पुलिस को बोगस खातों में हुए लेनदेन का स्टेटमेंट देगी, उसके आधार पर पुलिस आगे पूछताछ करेगी। किन-किन खातों में फर्जी लेनदेने हुआ है यह पता चल पाएगा। स्टेटमेंट के आधार पर नाम सामने आने पर पुलिस उन कारोबारियों से पूछताछ करेगी। संभावना है कि एक बार फिर हवाला की बड़ी पोल खुलकर सामने आएगी। सूत्रों का कहना है कि अब एक बार फिर इस मामले का वास्तविक भंडाफोड़ जांच की निष्पक्षता के चलते संभव हो पाएगा।
इनका कहना है
मोहम्मद यासीन को न्यायालय से तीन दिन की रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई है। पीआर खत्म होने पर गुरुवार को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। जब्त दस्तावेजों का मिलान भोपाल की फ्रिंगर प्रिंट एक्सपर्ट टीम से कराया जाएगा। यासीन ने पूछताछ में नहीं बताया कि किसके इशारे पर खाते खाला है, याद नहीं होने की बात कहकर वह लगातार गुमराह करता रहा।
अजय सिंह कोतवाली टीआइ।