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युवक-युवतियों ने ऐसा रचाया विवाह, देखने वाले रह गए दंग

-शहनाई न बारात, संविधान की शपथ लेकर परिणय बंधन में बंधे दो नव युगल

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खरगोन

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Gopal Joshi

Jul 18, 2021

The young men and women made such a marriage

खरगोन. संविधान की शपथ लेकर नवयुगल बंधे परिणय बंधन में।

खरगोन.
जिला मुख्यालय से करीब ३५ किमी दूर ग्राम देवला में रविवार को दो युवतियों का विवाह हुआ। शादी में जो भी शामिल हुआ वह अचरज में था। क्योंकि यहां न सभा मंडप बना था न बैंड। दूल्हा घोड़ी चढ़ा न दुल्हन ने सात वचन लिए। दरअसल यहां राजेश नागराज की बेटियों ने अपने जीवनसाथी के साथ संविधान की शपथ लेकर शादी रचनाई। नवयुगल ने उपहार में बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर की तस्वीर ली। यह विवाह बौद्ध पद्धति से किया गया।
ग्राम देवला के राजेश नागराज ने बताया उन्होंने दो बेटियों अश्विनी और काजल का विवाह अनोखे ढंग से किया। चर्चा का केंद्र रहे इस आयोजन में न बैंड था न अन्य कोई तामझाम। गांव में पहली बार प्रचलित रस्मों-रिवाजों से हटकर महज आधे घंटे में संविधान की शपथ लेकर बौद्ध पद्धति से यह विवाह हो गया। परिवार सदस्यों ने कहा- कोरोनाकाल में समय व धन के अपव्यय को रोकने की अनूठी पहल थी।

समय व धन की बचत
विवाह कराने खरगोन से आए बौद्ध उपासक उदय कुमार रामटेके, संतोष पंचोले ने बताया यह विधि बहुत सरल है। कम से कम समय में संपन्न हो जाती है। इससे समय व धन की भी बचत होती है। इस अवसर पर सामाजिक कार्यकर्ता नरेन्द्र आर्य ने दोनों नवयुगलों को शांति के प्रतीक भगवान बुद्ध व संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर के छायाचित्र भेंट किए।

संविधान देशभर में लागू तो फिर परिवार में क्यों नहीं
नवयुगल ने कहा- जब पूरा देश संविधान का अनुसरण करता है तो फिर हम क्यों न करें। हमारा संविधान हमें सलीखे से जीना सीखाता है। समानता का अधिकार देता है तो फिर इसकी शपथ लेकर विवाह करना भला इससे बढ़कर और क्या होगा।