कोटा. रावतभाटा के कोटा बैरियर गणेश मंदिर के पास एक सैलून की दुकान पर सोमवार शाम को रावतभाटा थाने के एक हिस्ट्रीशटर देवा गुर्जर की लगभग डेढ़ दर्जन हथियारबंद लोगों ने हत्या कर दी। हमलावरों ने हमलावरों ने हिस्ट्रीशिटर पर फायर किए तथा लाठी-गंडासों, फरसे और पाइपों से ताबड़तोड़ वार किए। वारदात के बाद हमलावर फरार हो गए। उधर देवा को कोटा के एक निजी अस्पताल में लेकर पुलिस गए थे, जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया था। इसके बाद एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी में शव को रखवाया।
बारोबास निवासी देवा गुर्जर को पता था कि उसके साथ कुछ अनहोनी होने वाली है। इस कारण उसने 26 मार्च को कोटा के आरकेपुरम थाने में कुछ लोगों के खिलाफ उसे जान से मारने की धमकी देने की रिपोर्ट दी थी। इस रिपोर्ट में बताया था कि वह रावतभाटा में कंस्ट्रक्शन व लेबर सप्लाई का कार्य करता है। 23 मार्च को वह बोराबास में था जब उसके फोन पर कॉल आया था। जिसमें कुछ लोगों ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी। रिपोर्ट में बताया था कि इसकी रिकॉर्डिग भी उसके पास है। बताया कि कुछ लोग उसे जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। उसकी जान माल को खतरा है। ये लोग उससे 10 लाख रुपए मांग रहे हैं।
कोटा में देर रात तक मोर्चरी के बाहर भीड़
पुलिस देवा गुर्जर की मौत के बाद उसका शव रावतभाटा नहीं ले गई। शव को कोटा में मोर्चरी में रखवाया। कोटा में शव रखने की सूचना के बाद गुर्जर समाज के काफी संख्या में लोग मोर्चरी पहुंच गए। मोर्चरी पर पुलिस का जाप्ता लगाया गया था। समाज के लोगों ने देवा गुर्जर के हत्यारों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग को लेकर पुलिस को घेर लिया। देर रात तक मोर्चरी के बाहर पुलिसकर्मियों का जाप्ता तैनात रहा। वहीं लोगों की भीड़ भी वहां रातभर जुटी रही।
गला कटा, तीन गोलियां लगी !
मोर्चरी के बाहर प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हमलावरों ने देवा के गले पर गंडासे से भी वार किया। उसके गले में गहरा घाव हुआ। वहीं प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि देवा को तीन गोली लगी है। हमलावर उसे जान से मारने की नियत से ही आए थे।