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आईटीआई कॉलेज में छात्रों ने किया जमकर हंगामा

कोटा. आईटीआई कॉलेज में इलेक्ट्रिशियन, आरएसी सहित अन्य ट्रेड में 100 बच्चे फेल होने से विद्यार्थियों में आक्रोश फैल गया। विद्यार्थियों ने गुरुवार सुबह कॉलेज में हंगामा दिया और मुख्य द्वार बंद कर धरने पर बैठ डीजीपी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

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आईटीआई कॉलेज में छात्रों ने किया जमकर हंगामा,आईटीआई कॉलेज में छात्रों ने किया जमकर हंगामा

कोटा. आईटीआई कॉलेज में इलेक्ट्रिशियन, आरएसी सहित अन्य ट्रेड में 100 बच्चे फेल होने से विद्यार्थियों में आक्रोश फैल गया। विद्यार्थियों ने गुरुवार सुबह कॉलेज में हंगामा दिया और मुख्य द्वार बंद कर धरने पर बैठ डीजीपी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। सूचना पर पहुंची पुलिस व प्राचार्य में विद्यार्थियों को समझाने का काफी प्रयास किया लेकिन छात्र नहीं माने। बाद में प्राचार्य ने दस दिन में दोबारा परिणाण जारी करवाने के लिखित में आश्वासन देने के बाद विद्यार्थी माने। विद्यार्थी गौरव मीणा, अभिषेक नागर व आशीष मीणा ने बताया कि आईटीआई कॉलेज का दस जनवरी को डीजीटी (डाइरेक्टर जनरल ऑफ ट्रेनिंग) नई दिल्ली की ओर से जारी परिणाम में इलेक्ट्रिशियन, आरएसी सहित अन्य ट्रेडों में करीब १०० बच्चों के 0 नम्बर आने से फेल हो गए। सभी विद्यार्थियों ने इस बारे में प्राचार्य को 14 दिन पहले लिखित में शिकायत दी थी। दुबारा जारी किए परिणाम में भी विद्यार्थियों को फैल दिखाया गया तो विद्यार्थियों ने इसके विरोध में कॉलेज का मुख्य द्वार बंद कर धरने पर बैठे गए। इस दौरान अन्य छात्रों को भी क्लास में नहीं जाने दिया गया। विद्यार्थियों का कहना था कि जब तक सही रिजल्ट नहीं आता प्रदर्शन जारी रहेगा। लेकिन प्राचार्य के लिखित में आश्वासन देने के बाद धरना समाप्त कर दिया।
कोडिंग गलत भरने से हुए विद्यार्थी फैल
प्रा्रचार्य राजेश गुप्ता ने बताया कि पिछले साल से वार्षिक पद्धति चालू हुई तब से परीक्षा परिणाम सही नही आ रहे है। परीक्षा के पेपर नई दिल्ली डीजीटी से आते है और चेक भी वही होते है। ओएमआर शीट स्कैनर में चेक होती है। लेकिन जिन बच्चों ने गलत कोडिंग कर रखी थी ओएमआर शीट स्कैन नहीं हो पाई। इस कारण दोबारा जारी परिणाम में भी बच्चे फेल घोषित हुए। उन्होंने बताया कि गलत कोडिंग से परेशानी सभी आईटीआई कॉलेजों में सामने आई है। यहां कॉलेज में 509 विद्यार्थी है इनमें से केवल 70 बच्चे गलत कोडिंग की वजह से फेल हुए है।