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गन्ना तौल केंद्र पर नदारद मिले बाबू्, औचक निरीक्षण से मची अफरातफरी

गोविन्द शुगर मिल ऐरा क्षेत्र में लगे गन्ना तौल सेंटरों पर गन्ना समिति सचिव ने रविवार को औचक निरीक्षण किया।

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लखीमपुर-खीरी. गोविन्द शुगर मिल ऐरा क्षेत्र में लगे गन्ना तौल सेंटरों पर गन्ना समिति सचिव ने रविवार को औचक निरीक्षण किया। इस दौरान एक गन्ना सेंटर पर तौल बाबू नदारद मिले।

ऐरा चीनी मिल की गन्ना समिति ऐरा क्षेत्र में कुल 62 गन्ना तौल सेंटर बनाए गए है। जिनमें से करीब 10 तौल सेंटरों पर अभी तक ट्रांसपोर्टिंग की वजह से तौल विधिवत शुरू नहीं हो पाई है। इस बीच रविवार को सचिव गन्ना समिति सुधीर कुमार ने तौल सेंटर ईसानगर प्रथम का औचक निरीक्षण किया, तो वहां समिति के तौल बाबू ताराचंद त्रिपाठी व रामू मिश्रा मिल के तौल बाबू नदारद मिले। जिनके खिलाफ सचिव ने कार्यवाही की संस्तुति कर उच्च अधिकारियों को अवगत कराया।

सचिव ने जांच कर शुरू की कार्यवाही

इस बीच औचक निरीक्षण की जानकारी होने पर पड़ोस में स्थित बिरसिंगपुर में अफरा-तफरी मच गई। जब तक सचिव वहां पहुंचते तब तक वहां के बाबुओं ने अपना काम विधिवत शुरू कर दिया। इस दौरान बिरसिंगपुर में जांच करने पहुंचें सचिव सुधीर कुमार ने बताया कि इस बार किसी भी स्थिति में ट्रालों में गन्ना नहीं ढोया जाएगा। ट्रालों में गन्ना ढोने से सड़कों पर सड़क हादसों में भी बढ़ोत्तरी होती है, साथ ही राजस्व का भी नुकसान हो रहा था। जिसकी वहज से इस बार ट्रालों पर रोक लगाई जा चुकी है। साथ ही यह भी बताया कि गन्ना समिति ऐरा क्षेत्र में कुल 62 तौल सेंटर बनाए गए है, जिनमें से करीब आधा दर्जन सेंटरों पर ट्रांसपोर्टिंग के लिए पर्याप्त ट्रकों की व्यवस्था न हो पाने की वजह से तौल प्रभावित है। जिसके लिए मिल प्रबंधन काफी प्रयासरत है। जल्द ही इसकी पूर्ति कर विधिवत तौल शुरू कर दी जाएगी।

ट्रालों पर लगी रोक से आमजन खुश

गोबिंद शुगर मिल ऐरा में इस बार ट्रालों से गन्ना ढोने पर उच्च अधिकारियों द्वारा लगाई गई रोक से इस बार अभी तक कोई भी सड़क हादसा नहीं देखने को मिला है। जबकि विगत वर्षों में ओवरलोड गन्ना भरे ट्रालों से हुए सड़क हादसों में दर्जनों लोग असमय काल के गाल में समा चुके है, लेकिन इस बार मिल चलने के उपरांत जैसे ही आमजन को पता चला कि अब उच्च अधिकारियों द्वारा ट्रालों से गन्ना ढोने पर रोक लगा दी गई है तो लोगों के चेहरे पर खुशी देखी जाने लगी है। वहीं क्षेत्र के किसानों ने ट्रालों पर रोक लगाने वाले अधिकारियों का आभार व्यक्त किया।

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