21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

लेवाना अग्निकांड पर CM योगी सख्त, रातोंरात PCS अधिकारी समेत 15 निलंबित

मंडलायुक्त डॉ. रोशन जैकब और पुलिस आयुक्त एसबी शिरडकर की जांच में 19 अधिकारी, इंजीनियर, कर्मचारी दोषी पाए गए हैं। जिनके खिलाफ शनिवार देर रात ही शासन ने कार्रवाई की। साथ ही एक पीसीएस अधिकारी सहित 15 को शासन ने निलंबित कर दिया है। दरअसल

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Jyoti Singh

Sep 11, 2022

15_suspended_including_pcs_officer_for_levana_fire_in_lucknow.jpg

लखनऊ के होटल लेवाना सुइट्स में 5 सितंबर को हुए हादसे से चार लोगों की मौत हो गई थी। इस मामले में सीएम योगी आदित्यनाथ ने कड़ा रुख अपनाया है। जिसके बाद उनके निर्देश पर जांच की कार्रवाई की गई। मंडलायुक्त डॉ. रोशन जैकब और पुलिस आयुक्त एसबी शिरडकर की जांच में 19 अधिकारी, इंजीनियर, कर्मचारी दोषी पाए गए हैं। जिनके खिलाफ शनिवार देर रात ही शासन ने कार्रवाई की। साथ ही एक पीसीएस अधिकारी सहित 15 को शासन ने निलंबित कर दिया है। दरअसल, गुरुवार की रात को ही मंडलायुक्त व पुलिस आयुक्त ने अग्निकांड मामले में अपनी जांच की रिपोर्ट गृह विभाग को सौंप दी थी। इस जांच रिपोर्ट के आधार पर अब मुख्यमंत्री ने हादसे के लिए प्रथम दृष्ट्या दोषी और लापरवाही करने वाले अधिकारियों, इंजीनियरों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की है।

विभागीय नियमों के मुताबिक होगी कार्रवाई

गौरतलब है कि सीएम के निर्देश पर गृह विभाग, नियुक्त विभाग, आबकारी विभाग के अधिकारियों को निलंबित कर विभागीय कार्रवाई शुरू करानी होगी। सेवानिवृत्त हो चुके जिम्मेदारों के खिलाफ भी विभागीय नियमों के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। शासन के प्रवक्ता का कहना है कि मुख्यमंत्री ने कार्रवाई के निर्देश जांच रिपोर्ट मिलने के बाद दिए हैं। वहीं बात करें दोषियों की तो इनमें गृह विभाग, ऊर्जा विभाग, नियुक्ति विभाग, आवास विभाग और आबकारी विभाग के अधिकारी दोषी पाए गए हैं।

इन अफसरों पर गिरी गाज

जिन अफसरों को सस्पेंड और विभागीय कार्रवाई के दायरे में लाया गया है, उनमें मौजूदा चीफ फायर अफसर विजय कुमार सिंह और फायर अफसर योगेंद्र प्रसाद भी हैं। दोनों को सस्पेंड किया गया है। बिजली विभाग के सहायक निदेशक विद्युत सुरक्षा विजय कुमार राव, अवर अभियंता आशीष मिश्रा, उपखंड अफसर राजेश मिश्रा के साथ लखनऊ विकास प्राधिकरण के तत्कालीन विहित प्राधिकारी महेंद्र मिश्रा को भी सस्पेंड किया गया है। इनके अलावा होटल बनते समय तत्कालीन एग्जीक्यूटिव इंजीनियर अरुण कुमार सिंह, ओमप्रकाश मिश्रा, असिस्टेंट इंजीनियर राकेश मोहन, जूनियर इंजीनियर जीतेंद्र नाथ दुबे, रवींद्र कुमार श्रीवास्तव और जयवीर सिंह को भी सस्पेंड किया गया है।