
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत नया कीर्तिमान स्थापित करेगी यूपी सरकार, एक साथ पीले होंगे 3500 कन्याओं के हाथ
लखनऊ. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार निर्धन परिवारों की कन्याओं के हाथ पीले करवाने का एक नया कीर्तिमान रचने जा रही है। प्रदेश में निर्धन वर्ग के बेटियों की शादी के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना (Mukhyamantri Samuhik Vivah Yojana) के अंतर्गत प्रदेश सरकार नया कीर्तिमान रचने जा रही है। 18 मार्च को राजधानी लखनऊ में सबसे बड़े सामूहिक विवाह का आयोजन किया जाएगा। इसमें 3500 कन्याओं का विवाह होगा। उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार बोर्ड इस कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोगों की मेजबानी करेंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य जोड़ों को आर्शीवाद देंगे। बता दें कि इस योजना के अंतर्गत अब तक डेढ़ लाख से अधिक कन्याओं का विवाह संपन्न हुआ है।
2 करोड़ 10 लाख खर्च प्रस्तावित
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत होने वाले इस वैवाहिक कार्यक्रम दो करोड़ 10 लाख का खर्च प्रस्तावित है। सामूहिक विवाह योजना में लखनऊ, लखीमपुरखीरी, सीतापुर, उन्नाव, रायबरेली, हरदोई व बाराबंकी जिले के निर्धन परिवारों का पंजीयन किया गया है। योजना के तहत पंजीकृत कन्याओं के विवाह के लिए सरकार 55 हजार रुपये, विकलांग के लिए 61 से 75 हजार रुपए की आर्थिक सहायता देती है। इस बार 18 मार्च को 3500 कन्याओं का विवाह होगा। इससे पहले मुरादाबाद में 2.754 कन्याओं की शादी इस योजना के अंतर्गत हुई थी।
अब तक डेढ़ लाख से अधिक कन्याओं का विवाह संपन्न
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत अब तक योगी सरकार ने डेढ़ लाख से अधिक बेटियों का विवाह संपन्न कराया है। श्रम विभाग की ओर से निर्माण श्रमिक पुत्री विवाह अनुदान योजना के तहत अब तक प्रदेश में एक लाख 15 हजार विवाह भी कराए जा चुके हैं। श्रम विभाग के अपर श्रमायुक्त बीके राय के मुताबिक मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना से प्रदेश के निर्धन वर्गों को सीधे तौर पर लाभ मिल रहा है। पूरे प्रदेश में रजिस्ट्रड श्रमिकों की संख्या 46 लाख है।
Published on:
16 Mar 2021 12:01 pm
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