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सपा से गठबंधन के बाद अब तक बसपा के 15 बड़े नेता भाजपा में

इन नेताओं में 11 ऐसे हैं जो पार्टी के टिकट पर विधानसभा और लोकसभा चुनाव लड़ चुके हैं।  

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mayawati

सपा से गठबंधन के बाद अब तक बसपा के 15 बड़े नेता भाजपा में

लखनऊ. 2019 का लोकसभा चुनाव सपा-बसपा गठबंधन के लिए काफी महत्वपूर्ण है। सपा-बसपा भले ही गठबंधन कर चुनाव लड़ रहे हैं। लेकिन उनके कई ऐसे नेता हैं जो उनसे किनारा कस रहे हैं। गठबंधन के बाद से बसपा के 15 बड़े नेता पार्टी छोड़ भाजपा में शामिल हो चुके हैं। वहीं सपा सरकार में मंत्री रहीं अरुणा कोरी ने शुक्रवार को सपा छोड़ प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया का दामन थाम लिया।
गठबंधन के बाद से ही बसपा को एक के बाद एक झटका लग रहा है। लोकसभा चुनाव 2019 की मतदान प्रक्रिया शुरू होने में अब एक महीना भी नहीं बचा है। ऐसे समय में बसपा को एक के बाद एक झटके लग रहे हैं।
बतादें समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन की घोषणा करने के दो महीने के भीतर ही बसपा के कम से कम 15 बड़े नेता पार्टी छोड़ भाजपा में शामिल हो गए हैं। इनमें 11 नेता ऐसे हैं जो बसपा के टिकट पर विधानसभा और लोकसभा चुनाव लड़ चुके हैं।
एक अंग्रेजी अखबार के मुताबिक बीते एक महीने में बसपा के साथ सपा, आरएलडी और कांग्रेस से कुल 28 नेता भाजपा में जा चुके हैं। लेकिन इनमें बसपा नेताओं की संख्या सबसे अधिक है।
यूपी में सपा-बसपा गठबंधन से भाजपा के लिए लड़ाई मुश्किल हो गई है। ऐसे में उसने दूसरे दलों के नेताओं के लिए कहा है कि उसके दरवाजे सभी के लिए खुले हैं। जानकार इसे राज्य में सपा-बसपा गठबंधन के रूप में उभरी चुनौती को खत्म करने की भाजपाई रणनीति के रूप में देखते हैं। इसी के तहत पार्टी ने बसपा के बड़े नेताओं को अपने यहां शामिल किया है। इनमें मंत्री पदों पर रहे नेताओं के अलावा वे नेता भी शामिल हैं जो बसपा संगठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुके हैं। इस बारे में जब यूपी भाजपा के महासचिव विजय बहादुर पाठक कहते हैं कि हमने नए नेताओं के लिए अपने दरवाजे खुले रखे हैं। इससे पार्टी को मिलने वाले मतों में वृद्धि होगी। आने वाले दिनों में और लोग भाजपा में शामिल होंगे।Ó