5 अप्रैल 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

लॉकडाउनः स्कूलों में 1 अप्रैल से शुरू होंगी ऑनलाइन कक्षाएं, छात्र-छात्राएं व अभिभावक रहें तैयार

लॉकडाउन की स्थिति में स्कूल-कॉलेज भी बंद हैं, लेकिन छात्र-छात्राओं को ज्यादा नुकसान न हो, इसके लिए लखनऊ के स्कूलों ने कमर कस ली है।

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Abhishek Gupta

Mar 29, 2020

Lockdown studies

Lockdown studies

लखनऊ. लॉकडाउन की स्थिति में स्कूल-कॉलेज भी बंद हैं, लेकिन छात्र-छात्राओं को पढ़ाई का ज्यादा नुकसान न हो, इसके लिए लखनऊ के स्कूलों ने कमर कस ली है। टेक्नोलॉजी का भरपूर इस्तेमाल करते हुए बच्चों को ऑनलाइन क्लासेस दी जा रही है। इसके लिए व्हॉट्सएप ग्रुप व ईमेल की सहायता ली जा रही है। लखनऊ के जयपुरिया स्कूल में लॉकडाउन के ऐलान के बाद से ही स्कूल प्रशासन ने तत्परता दिखाई और सभी अभिभावकों को स्केड्यूल जारी कर दिया गया। लखनऊ के चौक में रहने वालीं एक अभिभावक, जिनका बच्ची लोअर केजी क्लास में पढ़ती है, का कहना है कि उन्हें व्हाट्सएप पर क्लासेस का स्केड्यूल जारी किया गया है। बच्चे की एक्टिविटी को रिकॉर्ड कर ग्रुप पर भेजना होता है। पढ़ाई का समय नौ बजे से 12 बजे तक का है, जिसमें तीन क्लासेस होती हैं। जयपुरिया स्कूल सीबीएसई बोर्ड से है। शनिवार को सीबीएसई बोर्ड ने भी ऐलान किया है कि एक अप्रैल से नए सत्र की कक्षाएं शुरू हो जाएंगी। मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने बोर्ड से प्लान को अपने से संबद्ध स्कूलों तक पहुंचाने के लिए कहा गया है। यह क्लासेस घर बैठे आनलाइन होंगी।

कैसे होंगी क्लासेस-

यूपी में 2000 से ज्यादा सीबीएसई अफिलीएटड स्कूल हैं। यह सभी स्कूल क्लासेस के लिए टीवी, यू-ट्यूब चैनल, व्हाट्सएप और ऑनलाइन के दूसरे माध्यमों की मदद लेंगे। ऑनलाइन क्लासेस केवल 21 दिनों के लॉकडाउन के दौरान बंद स्कूलों के चलते ही दी जाएंगी। अब किस विषय की क्लास कब लगेगी और कौन सा चैप्टर पढ़ाया जाएगा, इसकी जानकारी स्कूल अपने छात्रों को मोबाइल पर मैसेज व ई- मेल जरिए भेज कर देगा। साथ ही छात्र-छात्राओं को कैसे पाठ्य सामग्री पहुंचाई जाए इसकी भी तैयारी की जा रही है। क्लासेस फोन-इन प्रोग्राम, स्टूडियो क्लास के माध्यम से दी जाएंगी। जो कई छात्र क्लास अटेंड नहीं कर पाता है तो वह उसे यू-ट्यूब पर देख सकेंगे। यहां अभिभावकों की जिम्मेदीर बढ़ेगी, क्योंकि हर दिन क्लासेस के वीडियो उन्हीं के मोबाइल पर भेजे जाएंगे। होमवर्क पूरी कराने की जिम्मेदारी भी उन्हीं की होगी।

गाजियाबाद में भी कुछ स्कूलों ने बच्चों को पढ़ाने का फेसबुक और व्हाट्स एप्प फार्मूला निकाला है।
एक निजी स्कूल की प्रिंसिपल रिचा शूज बाकायदा ऑनलाइन सभी बच्चों को और फेसबुक के जरिए यह भी जागरूक करने का प्रयास कर रही है कि जहां पर आप रहते हैं अपने घर के दरवाजे खिड़की और अन्य सामान को भी किस तरह से वह सैनिटाइज करें और हर हाल में अपने घर के अंदर ही रहे रिचा सूद ने फेसबुक के जरिए बच्चों को कोरोनावायरस से बचाव के लिए तमाम जानकारी लगातार पहुंचा रही हैं।