
लखनऊ जेल में भ्रष्टाचार के मामले में जेल मुख्यालय ने जांच बैठा दी है। पूर्व आईपीएस अधिकारी अमिताभ ठाकुर ने जेल में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। अमिताभ ठाकुर ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि लखनऊ जेल में सुविधा के नाम पर दैनिक उपयोग की तमाम वस्तुएं जैसे सब्जियां, दुग्ध उत्पाद, बीड़ी आदि की बिक्री होती है। अमिताभ ठाकुर का दावा है कि उनके पास इस संबंध में सबूत भी हैं। पूर्व आईपीएस के इन आरोपों के आधार पर डीजी जेल आनंद कुमार ने डीआईजी जेल लखनऊ को जांच के आदेश दिए हैं। डीआईजी जेल शैलेन्द्र कुमार मैत्रेय ने अमिताभ ठाकुर को सात मई को बयान के लिए जेल मुख्यालय बुलाया है। उधर आरटीआई एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर ने मैनपुरी पुलिस पर भ्रष्टाचार के आरोप से जुड़े वायरल वीडियो की जांच के लिए यूपी के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखा है।
अधिक कीमत में बेची जाती दैनिक उपयोग की चीजें
हाल ही में जेल से रिहा हुए पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर ने आरोप लगाया था कि लखनऊ जेल में सुविधा के नाम पर दैनिक उपयोग की तमाम वस्तुएं जैसे सब्जियां, दुग्ध उत्पाद, बीड़ी आदि की बिक्री होती है।
हर सामान बढ़े दाम में बेचा जा रहा है
उदाहरण के लिए 5 रुपये के बिस्कुट के 2 पैकेट, 10 रुपये का साबुन, 10 रुपये का टूथपेस्ट का छोटा पैक 15 से 20 रुपये में बेचा जा रहा है। इसी तरह एक रुपये का माचिस का पैकेट 5 रुपये और पराग का आधा लीटर का फुल क्रीम मिल्क 29 रुपये की जगह 40 रुपये में बेचा जा रहा है। इसी तरह हर सामान बढ़े दाम पर बेचा जा रहा है।
7 मई को बयान दर्ज कराएंगे पूर्व आईपीएस
पूर्व आईपीएस ने बताया है कि उन्हें इस मामले में जांच अधिकारी शैलेन्द्र मैत्रेय ने 7 मई को बयान देने और सबूत पेश करने के लिए जेल मुख्यालय बुलाया है।
7 महीने बाद मिली है जमानत
बता दें कि अमिताभ ठाकुर को रेप पीड़िता को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले के आरोप में पिछले साल अगस्त में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। जिसके बाद वे करीब सात महीने बाद वे जमानत पर रिहा हुए हैं।
नूतन ठाकुर ने मैनपुरी पुलिस पर लगाया आरोप
वहीं आरटीआई एक्टिविस्ट व अमिताभ ठाकुर की पत्नी डॉ नूतन ठाकुर ने मैनपुरी पुलिस पर भ्रष्टाचार के आरोप से जुड़े वायरल वीडियो की जांच के लिए यूपी के मुख्य सचिव व डीजीपी को पत्र लिखा है।
भ्रष्टाचार का वीडियो किया जारी
उन्होंने शिकायत में कहा है कि वीडियो मैनपुरी जिले के करहल थाना क्षेत्र के मिठेपुर पुलिस चौकी क्षेत्र से निकलने वाले इटावा-आगरा नेशनल हाईवे-2 से जुड़ा है। वीडियो में एक आदमी बोल रहा है कि अपनी गाड़ियां चलवाने के लिए उसे न सिर्फ चौकी इंचार्ज व थाना प्रभारी बल्कि एसपी, एसपी आरए, सीओ व इन सभी के ड्राइवर को उसे पैसे देने पड़ते हैं। वह कह रहा है कि उसका प्रति माह सवा लाख रुपया इसमें जाता है। इसी प्रकार अन्य लोगों द्वारा भी ऐसे किये जाने की बात कह रहा है। वीडियो के मुताबिक इसमें दर्जन भर लोग शामिल बताये गए हैं।
Published on:
02 May 2022 09:55 pm
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