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महोबा में हुए दो बड़े हादसे, मामा-भांजे सहित तीन की मौत, एक की हालत गंभीर

जनपद के पत्थर मंडी कबरई में मौतों का सिलसिला बदस्तूर जारी है।

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mama bhanja with three people died in mahoba up

महोबा में हुए दो बड़े हादसे, मामा-भांजे सहित तीन की मौत, एक की हालत गंभीर

महोबा. जनपद के पत्थर मंडी कबरई में मौतों का सिलसिला बदस्तूर जारी है। मानकों को ताक पर रख मजदूरों से पहाड़ों ओर स्टोन क्रेशरों में काम कराया जा रहा है। नतीजतन महज 8 घंटे में दो महिला ओर पुरुषों सहित तीन लोग काल के गाल में समा चुके हैं। पहले हादसे में 250 फिट गहरे पहाड़ में गिरकर दो युवकों की इलाज के दौरान मौत गई है तो वही स्टोन क्रेशर प्लांट मजदूरी के दौरान एक महिला की मौत हो गई ओर एक जिंदगी और मौत से जंग लड़ रही है।

सकरी रास्ते के चलते हादसों का शिकार बन जाते लोग

महोबा की पत्थर मंडी कबरई आये दिन सुर्ख़ियों में बनी रहती है। यहां संचालित क्रेशर प्लांटों और पहाड़ों पर न तो मानकों का ख्याल रखा जा रहा है और न ही मजदूरों की सुरक्षा के इंतजाम किए जा रहे हैं। नतीजन आये दिन घटनाएं हो रही हैं। ताजा मामला आज का है जहां दो घटनाओ में तीन लोगों की मौत हो गई। जबकि एक अन्य घायल गंभीर अवस्था में है। घटना महोबा के पत्थर मंडी कबरई की है। जहां आज सुबह घनी आबादी के बीच गहरे पहाड़ में कार गिरने से दो युवकों हिमांशु ओर सुनील की झांसी मेडीकल कालेज में इलाज के दौरान मौत हो गई है। प्रत्यक्षदर्शी बताते है कि पहाड़ों पर होने वाली बॉस्टिंग के चलते आम रास्ता को ध्वस्त कर दिया गया। जिससे ग्रामीण सकरी रास्ते के चलते हादसों का शिकार बन जाते है। मामा सुनील अपने भांजे हिमांशु को कार चलाना सीखा रहा था तभी ये हादसा हो गया।

मौत का मातम कम नहीं हुआ

रिश्ते में सगे मामा भांजे की मौत का मातम कम नहीं हुआ था कि शाम 6 बजे कुष्मांडा स्टोन क्रेशर प्लांट में मानकों को ताक पर रखकर चल रहे प्लांट में दो महिला मजदूर बुरी तरह मशीन की चपेट में आ गई। जिसमें एक महिला सुमित्रा की मोके पर ही मौत हो गई तो चंद्रकली की हालत नाजुक होने पर उसे झांसी मेडीकल कालेज रिफर किया गया है। पहाड़ों ओर स्टोन क्रेसर प्लांट में दर्दनाक हादसों के बाद पुलिस आलाधिकारी कुछ भी कहने को तैयार नहीं है। दरअसल कबरई में होने वाले हादसों में मौत का सौदा कर लिया जाता है। पहाड़ों और क्रेशर पर होने वाली मौतों पर रसूखदार पैसे से दबाब बनाकर सब निपटा लेते है। कबरई मंडी में मानकों की अनदेखी के चलते घटनाये थमने का नाम नहीं ले रही।