
Solapur Laborers
महाराष्ट्र के सोलापुर से एक बड़ी खबर सामने आ रही हैं। सोलापुर में बंधक बनाकर रखे गए मध्य प्रदेश के 75 मजदूर इस बार अपने घर पर दिवाली मना पाएंगे। मजदूरों को 400 रुपए दिहाड़ी का लालच देकर एक ठेकेदार द्वारा सोलापुर में बंधक बनाकर रखा गया था। जिसकी जानकारी मिलने पर वहां के विधायक अजय विश्नोई ने उनका रेस्क्यू करवा कर उनको उनके घर पहुंचा दिए। घर आने के बाद इन मजदूरों के परिजनों में खुशी का माहौल है।
दरअसल, महाराष्ट्र के सोलापुर में 16 दिन तक बंधक रहे मजदूरों को बचाने जबलपुर पुलिस की टीम सोलापुर पहुंची थी, जहां एक एनजीओ ने इन मजदूरों को ठेकेदार के चंगुल से बचाने में अहम भूमिका निभाई हैं। यह भी पढ़े: Maharashtra News: शिंदे-फड़णवीस सरकार के 100 दिन पूरे, बदल दिए MVA सरकार के ये बड़े फैसले
बता दें कि दिवाली के अवसर पर जबलपुर पुलिस इन मजदूरों को जब ठेकेदार की कैद से छुड़ाकर वापस उनके घर लाई तो उनके आंसू आ गए। ये सभी मजदूर जबलपुर जिले की पाटन तहसील के है। उन्हें ज्यादा मजदूरी का लालच देकर महाराष्ट्र ले जाया गया था। जिसकी जानकारी विधायक अजय विश्नोई को मिली। अजय विश्नोई ने जबलपुर जिले के एसपी सिद्धार्थ बहुगुणा से बातचीत करके मजदूरों को वापस लाने को कहा। अजय विश्नोई ने मजदूरों को 900 किलोमीटर दूर सोलापुर से जबलपुर रेलवे स्टेशन लेकर पहुंचे। जहां पुलिसकर्मियों का स्वागत किया। अजय विश्नोई ने मजदूरों को उनके गांवों तक पहुंचने के लिए फ्री बसों की सुविधा उपलब्ध करवाई थी।
इस मामलें को लेकर विधायक अजय विश्नोई ने बताया कि दिवाली के अवसर पर वो इन बंधक मजदूरों को इससे बेहतर कोई तोहफा शायद ही कोई दूसरा दिया जा सकता था। वहीं, सोलापुर से घर वापस लौटे एक मजदूर ने बताया कि उनसे ठेकेदार काम तो ले रहा था लेकिन मजदूरी नहीं देता था। जब वे वापस आने की बात करते थे तो उन्हें धमकी भी देता था।
Updated on:
23 Oct 2022 03:54 pm
Published on:
23 Oct 2022 03:53 pm
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