2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

‘देश में कानून से ऊपर कोई नहीं, राहुल गांधी भी नहीं’ – अमित शाह

Amit Shah On Rahul Gandhi's Disqualification: राहुल गांधी की सांसदी रद्द हुए करीब एक महीना हो गया है। 20 अप्रैल को सूरत कोर्ट ने इस मामले में उनकी याचिका को खारिज कर दिया था। ऐसे में राहुल की सांसदी अभी भी रद्द ही है। इस मामले में अब देश के गृह मंत्री अमित शाह ने राहुल पर निशाना साधा है।

2 min read
Google source verification
amit_shah_says_rahul_gandhi_is_not_above_law.jpg

Amit Shah says Rahul Gandhi is not aboyve law

मोदी सरनेम विवाद में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) की लोकसभा सदस्यता को रद्द हुए करीब एक महीना हो गया है। मानहानि के इस मामले में सूरत कोर्ट ने राहुल को दोषी करार दिया था। 20 अप्रैल को राहुल की इस मामले में राहत देने के लिए लगाईं याचिका को भी सूरत कोर्ट ने खारिज कर दिया था। राहुल इस मामले में हाई कोर्ट या सुप्रीम कोर्ट जा सकते हैं, पर फिलहाल के लिए उनकी सांसदी रद्द ही रहेगी और वह पूर्व सांसद रहेंगे। इस पूरे मामले को राहुल समेत कांग्रेस (Congress) के कई नेता गलत बता रहे हैं। इस मामले में देश के गृह मंत्री (Home Minister) और बीजेपी (BJP) के वरिष्ठ नेता अमित शाह (Amit Shah) ने आज अपनी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए राहुल पर निशाना साधा।


देश में कानून से ऊपर कोई नहीं, राहुल गांधी भी नहीं

अमित शाह ने आज राहुल की सांसदी रद्द होने और इसकी वजह पर बात करते हुए उन पर निशाना साधा। शाह ने कहा, "राहुल गांधी ने ओबीसी का अपमान किया है। इस मामले में माफी मांगने और न मांगने का फैसला भी वही करेंगे। इस विषय में कानून उनकी पार्टी की सरकार के समय में बना था। उन्हीं की पार्टी के प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह जब इसे बदलना चाहते थे तो उन्होंने उनका ऑर्डिनेंस फाड़ डाला। राहुल की सांसदी देश के कानून के तहत रद्द हुई है। ऐसे में मैं सिर्फ यही कहना चाहूंगा कि इस देश में कानून से ऊपर कोई नहीं है। राहुल गांधी भी नहीं।"


यह भी पढ़ें- 'कांग्रेस ने PFI को बचाया, बीजेपी ने लगाया बैन' - अमित शाह

क्या है मामला?


दरअसल 2019 लोकसभा चुनाव के प्रचार के दौरान राहुल ने कहा था कि मोदी सरनेम वाले सभी लोग चोर होते हैं। राहुल के इस विवादित बयान पर उनके खिलाफ सूरत कोर्ट में मानहानि का मामला दर्ज कराया गया था। सूरत कोर्ट ने 23 मार्च को इस मामले में राहुल को दोषी करार देते हुए उन्हें दो साल की सज़ा सुनाई थी। राहुल जमानत मिलने से जेल जाने से तो बच गए, पर कानून के अनुसार दो साल की सज़ा की वजह से लोकसभा सचिवालय ने राहुल की लोकसभा की सदस्यता रद्द कर दी।

यह भी पढ़ें- पीएम नरेंद्र मोदी ने सुनी नन्ही सीरत की गुहार, अब बदलेगी स्कूल की सूरत