Operation Sindoor के दौरान Turkey ने सैनिक साजो सामान से पाकिस्तान की मदद की थी।
Operation Sindoor के दौरान पाकिस्तान की मदद करने के मामले में Turkey के बाद एक और देश का नाम सामने आया है। उस देश ने पाकिस्तान को भारतीय सैन्य ठिकानों पर हमले का सुराग दिया था। वह और कोई नहीं चीन था। 6 व 7 मई की रात के दरम्यान भारत ने Operation Sindoor को अंजाम दिया था। इसमें उसने पाकिस्तान के 9 आतंकी ठिकानों पर हमला किया था, जिसमें 100 से ज्यादा कुख्यात आतंकी मारे गए थे। यह बात डिप्टी चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ ले. जनरल राहुल आर सिंह ने कही।
डिप्टी चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ ने फिक्की के न्यू ऐज मिलिट्री टेक्नोलॉजीज कार्यक्रम में बताया कि भारत और पाकिस्तान के बीच जब DGMO स्तर की वार्ता चल रही थी तब पाकिस्तान को भारतीय सेना की तैनाती के LIVE Inputs मिल रहे थे। बातचीत में पाकिस्तान यह जताने की कोशिश कर रहा था कि उसे भारतीय सेना के मूवमेंट की पल-पल की जानकारी है और वह चाहे तो हमला कर सकता है। वह हमें कदम वापस खींचने के लिए धमका रहा था।
ले. जनरल सिंह ने बताया कि Operation Sindoor के दौरान भारत 3 फ्रंट पर लड़ रहा था। एक बॉर्डर पर और दो दूसरी चुनौतियां थीं। उनमें एक पाकिस्तान और दूसरा चीन। चीन उसे सभी मदद मुहैया करा रहा था। पाकिस्तानी सेना में इस्तेमाल हो रहे 81 फीसदी मिलिट्री हार्डवेयर चाइनीज हैं।
ले. जनरल ने कहा कि Turkey ने उस दौरान पाकिस्तान की काफी मदद की थी। उन्होंने Bayraktar Drone मुहैया कराए थे। कई और तरह के Drone भी हमने इंटरसेप्ट किए। उन्होंने अंदेशा जताया कि अगर अगली बार दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ा तो पाकिस्तान भारतीय जनसंख्या केंद्रों को भी टार्गेट कर सकता है। इस बार हमारे जनसंख्या केंद्र की ओर उसका ध्यान नहीं गया लेकिन हमें तैयारी रखनी होगी।