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केंद्र सरकार ने जारी किया आदेश, कोरोना से हुई हर मौत के परिजन को 50 हजार की सहायता

सुप्रीम कोर्ट में जारी याचिका पर सुनवाई के बीच गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों को आदेश जारी कर कोरोना से होने वाली प्रमाणित मौत पर 50 हजार रुपये अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है।

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कर्नाटक : एक माह में आधी हुई मृतक संख्या

Centre orders Rs. 50,000 ex gratia to kin of dead from Covid-19

नई दिल्ली। गृह मंत्रालय ने मंगलवार को कोविड-19 से मरने वालों के परिजनों के लिए 50,000 रुपये की अनुग्रह राशि का आदेश जारी किया। मंत्रालय ने सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को लिखे पत्र में कहा है कि यह राशि राज्य आपदा मोचन कोष (एसडीआरएफ) से वितरित की जाएगी।

केंद्र सरकार का यह आदेश तब आया है जब सुप्रीम कोर्ट वकील और सह-याचिकाकर्ता गौरव कुमार बंसल द्वारा दायर एक याचिका पर सुनवाई कर रहा है। इस याचिका में उन परिवार के सदस्यों के लिए अनुग्रह राशि की मांग की गई है, जिनकी मृत्यु COVID-19 महामारी के कारण हुई थी।

केंद्र सरकार ने शीर्ष अदालत को सूचित किया था कि राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) ने राहत कार्यों में शामिल या इससे जुड़े लोगों समेत कोविड-19 से मरने वालों के परिवारों को 50,000 रुपये की अनुग्रह राशि का भुगतान करनेकी सिफारिश की थी। इसमें वे लोग भी शामिल हैं जो COVID-19 के रूप में प्रमाणित की जा रही मृत्यु का कारण बननेवाली गतिविधियों को रोकने की तैयारी में लगे हुए थे।

सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष दायर एक हलफनामे में केंद्र सरकार ने कहा था कि एनडीएमए ने राशि का प्रस्ताव रखा है, जिसे राज्य सरकारों द्वारा एसडीआरएफ से वितरित किया जाना है। गृह मंत्रालय ने पत्र में कहा कि "50,000 रुपये, प्रति कोविड-19 मौत के मामले में उनके परिजनों को दी जाएगी, जिनकी मृत्यु संयुक्त रूप से स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय और भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) द्वारा जारी किए गए दिशानिर्देशों के अनुसार कोरोना से प्रमाणित हुई हो और इनमें राहत कार्यों में शामिल या तैयारी गतिविधियों में जुड़े लोग भी राहत पाने के लिए अर्ह होंगे।"

गृह मंत्रालय ने यह भी कहा है कि इस अनुग्रह राशि सहायता देश में पहले COVID-19 मामले की तारीख से लागू हो जाएगी और तब तक जारी रहेगी जब तक COVID-19 की एक आपदा के रूप में घोषणा वापस नहीं ले ली जाती या अगले आदेश तक, जो भी पहले हो।

केंद्र सरकार ने इस साल 14 मार्च को COVID-19 को 'अधिसूचित आपदा' के रूप में घोषित किया था। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अनुसार, COVID-19 के कारण भारत में मरने वालों की संख्या 4,47,373 पहुंच चुकी है।

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