
ब्रेन ईटिंग अमीबा से 7 लोगों की मौत (File Photo)
केरल में एक दुर्लभ और जानलेवा बीमारी 'ब्रेन ईटिंग अमीबा' (Naegleria fowleri) ने दहशत मचा दी है। इस घातक संक्रमण ने अब तक 7 लोगों की जान ले ली है, जिनमें बच्चे और युवा शामिल हैं। स्वास्थ्य विभाग ने इसे गंभीरता से लेते हुए लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी जारी की है।
'ब्रेन ईटिंग अमीबा', जिसे वैज्ञानिक रूप से नेगलेरिया फाउलेरी कहा जाता है, यह एककोशिकीय जीव है जो गर्म और दूषित मीठे पानी जैसे तालाब, झील, नदी, कुएं और कम क्लोरीन वाले स्विमिंग पूल में पनपता है। यह अमीबा नाक के रास्ते मानव शरीर में प्रवेश करता है और मस्तिष्क तक पहुंचकर प्राइमरी अमीबिक मेनिंगोएन्सेफलाइटिस (PAM) नामक घातक संक्रमण का कारण बनता है। यह बीमारी दिमाग के टिश्यू को नष्ट कर देती है, जिससे मृत्यु दर 95-98% तक होती है।
पिछले कुछ महीनों में केरल में इस बीमारी के मामले तेजी से बढ़े हैं। कोझिकोड, मलप्पुरम, कन्नूर और तिरुवनंतपुरम जैसे जिलों से मामले सामने आए हैं।
इस बीमारी के लक्षण आमतौर पर पानी के संपर्क में आने के 1 से 12 दिनों के भीतर दिखाई देते हैं। शुरुआती लक्षणों में शामिल हैं-
केरल सरकार ने 'पानी ही जीवन है' अभियान शुरू किया है, जिसके तहत जलाशयों की सफाई और जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने गंदे जलाशयों में नहाने से बचने और जल स्रोतों को साफ रखने की सलाह दी है। स्वास्थ्य विभाग ने विशेष रूप से बच्चों और युवाओं को सतर्क रहने को कहा है, क्योंकि वे इस बीमारी से अधिक प्रभावित हो रहे हैं।
Updated on:
06 Sept 2025 02:52 pm
Published on:
06 Sept 2025 02:52 pm
