
प्रज्वल रेवन्ना ( फोटो - एएनआई)
देश के पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा के पोते प्रज्वल रेवन्ना को 48 वर्षीय महिला के साथ बलात्कार करने के मामले में कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। रेवन्ना के खिलाफ उनके ही घर की नौकरानी ने मामला दर्ज कराया था जिसके बाद एक के बाद एक बड़े खुलासे होते रहे और आखिरकार रेवन्ना को अपने कर्मों की सजा मिल गई। 14 महीनों के संघर्ष के बाद आज रेवन्ना के घर में काम करने वाली महिला समेत हजारों महिलाओं को न्याया मिला है जिसका इंतजार वह लंबे समय से कर रही थी। आइए जानते है कि कैसे कर्नाटक के सबसे प्रभावशाली राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखने वाले रेवन्ना आज बलात्कारी घोषित हो गए है और कैसे इस उनके पास मिले वीडियो, नौकरानी की साड़ी और अन्य सबूतों ने उन्हें अपने अंजाम तक पहुंचाया।
कर्नाटक के पूर्व सांसद और जेडीएस नेता प्रज्वल रेवन्ना पर तीन बलात्कार और एक उत्पीड़न का मामला चल रहा था, जिसमें से पहले मामले मामले में आज उन्हें सजा सुनाई गई है। मामले की पीड़िता ओक 48 वर्षीय महिला है जो कि हासन में स्थित रेवन्ना परिवार के गन्निकाडा फार्महाउस पर काम करती थी। महिला ने आरोप लगाया था कि रेवन्ना ने 2021 में उसके साथ दो बार रेप किया था। इन रेप की घटनाओं को रेवन्ना ने अपने फोन पर रिकॉर्ड भी किया था।
24 अप्रैल 2024 को प्रज्वल से जुड़े करीब 3000 अश्लील वीडियो पेनड्राइव के माध्यम से रेवन्ना के चुनाव क्षेत्र में फैला दिए गए थे। इसके ठीक दो दिन बाद 26 अप्रैल को राज्य में लोकसभा चुनाव के दूसरे चरण के वोट डाले गए थे। इसके बाद 28 अप्रैल को रेवन्ना के खिलाफ पहला मामला दर्ज कराया गया था। यह मामला रेवन्ना के ही घर में काम करनी वाली महिला ने दर्ज कराया था और उसने इसका एक वीडियो भी सबूत के तौर पर पुलिस को दिया था।
रेवन्ना केस में सबसे अहम कड़ी पीड़िता की वह साड़ी बनी जो उसने बलात्कार के दौरान पहनी हुई थी। महिला की इस साड़ी पर वीर्य के धब्बे पाए गए थे जो फोरेंसिक जांच के दौरान साबित भी हो गए। यह साड़ी इस मामले में सबसे महत्वपूर्ण सबूत थी और इसके फैसले में सबसे निर्णायक कड़ी भी रही। महिला ने इस साड़ी को सालों तक संभाल कर रहा और घटना का वीडियो भी रिकॉर्ड किया। महिला की शिकायत पर पुलिस ने तुरंत मामले की जांच शुरु कर दी थी और राज्य की तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने केस की जांच के लिए एक विशेष जांच दल ( एसआईटी ) का गठन भी किया था।
इस मामले के खुलासे के बाद रेवन्ना की हैवानियत का शिकार बनी कई अन्य महिलाओं ने भी अपने साथ हुई दरिंदगी का खुलासा किया। इसके बाद मई 2024 में भी एक 44 साल की महिला ने रेवन्ना के खिलाफ बलात्कार का मामला दर्ज कराया। महिला ने बताया कि रेवन्ना ने उसके साथ कई बार रेप किया है। रेवन्ना के खिलाफ तीसरा केस एक 60 साल की महिला की शिकायत पर एसआईटी ने दर्ज किया था।
इस मामले की जांच कर रही एसआईटी को एक पेनड्राइव भी मिली है जिसमें रेवन्ना से जुड़े करीब 3000 अश्लील वीडियो है। इनमें रेवन्ना के साथ कई महिलाएं भी नजर आ रही है जिनकी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एसआईटी ने कोर्ट से इन वीडियो को इंटरनेट से हटाने की अपील की है। रेवन्ना को जहां पहले बलात्कार के मामले में आज दोषी करार दिया है वहीं अब भी उनके खिलाफ तीन ऐसे ही मामलों में जांच चल रही है।
40 सदस्यीय एसआईटी ने इस मामले में एक 1,800 पन्नों की पांच खंडों वाली रिपोर्ट पेश की थी। अभियोजन पक्ष के दौरान इस केस में 38 सुनवाइयों में 26 गवाहों से जिरह और 180 दस्तावेजों की जांच की गई। 14 महीनों तक इस मामले की जांच की गई जिसके बाद आज रेवन्ना को बलात्कार, यौन उत्पीड़न, ताक-झांक, सबूत नष्ट करने और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत अपराधों में दोषी करार दिया गया।
Updated on:
02 Aug 2025 06:59 pm
Published on:
02 Aug 2025 06:59 pm
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