
सईदा हमीद के बयान पर बीजेपी का पलटवार (फोटो-IANS)
Saeeda Hameed Statement: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष व कांग्रेस सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) इन दिनों बिहार दौरे पर हैं। वह वोटर अधिकार रैली के तहत बिहार के गांव-गांव में घूमकर वोट चोरी की बात कह रहे हैं। उनके निशाने पर चुनाव आयोग और केंद्र की NDA सरकार है। विपक्ष का आरोप है कि घुसपैठियों की बात कहकर अवैध तरीके से लोगों का नाम वोटर लिस्ट से काटा गया है, लेकिन राहुल गांधी की करीबी सईदा हमीद का बांग्लादेशी घुसपैठियों को लेकर दिया गया बयान कांग्रेस के सियासी नैरेटिव को तगड़ा डेंट पहुंचा सकती है, क्योंकि बिहार के सीमांचल इलाके में बांग्लादेशी घुसपैठिये एक गंभीर मुद्दा है।
बिहार में वोटर लिस्ट विशेष गहनपुनीरक्षण के बाद 60 लाख से अधिक मतदाताओं के नाम कटे हैं। बीजेपी के कई नेताओं ने भी कहा कि अवैध तरीकों से बॉर्डर इलाकों में घुसपैठियों ने वोटर कार्ड बना लिए हैं। साथ ही बीजेपी नेता भी बार-बार डेमोग्राफिक डिवीजन का हवाला देते हुए कई बयान दे चुके हैं। सईदा हमीद के असम में बांग्लादेशियों का समर्थन करने पर बीजेपी नेता व केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने हमला बोला है। असम बीजेपी ने कहा कि हमीद उन बांग्लादेशी घुसपैठियों को अपने घर में जगह क्यों नहीं दे देती हैं।
किरेन रिजिजू ने कहा कि सईदा सैईदेन हमीद का बयान मानवता के नाम पर गुमराह करने वाला है। यह हमारी जमीन और पहचान का सवाल है। बांग्लादेश और पाकिस्तान में अल्पसंख्यक बौद्धों, ईसाइयों, हिंदुओं और सिखों को क्यों सताया और प्रताड़ित किया जाता है? सईदा हमीद, सोनिया गांधी और राहुल गांधी की सबसे करीबी हो सकती हैं, लेकिन उन्हें अवैध प्रवासियों का समर्थन नहीं करना चाहिए।
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि मैं मैडम से पूछना चाहता हूं कि जब आप सदस्य थीं, तब आपने इंदिरा गांधी या सोनिया गांधी से यह बात क्यों नहीं कही? या कम से कम मनमोहन सिंह सरकार के दौरान, आपने उनसे सभी बांग्लादेशियों को नागरिकता देने के लिए क्यों नहीं कहा? गिरिराज सिंह ने कहा कि हमीद का बयान गजवा ए हिंद का आह्वान जैसा लगता है। जिसे भारतीय नागरिक कभी स्वीकार्य नहीं करेंगे।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार के दौरान योजना आयोग की सदस्य रहीं सईदा हमीद ने दावा किया था कि "बांग्लादेशी भी इंसान हैं और उन्हें भारत में रहने का अधिकार है। असम के दौरे पर सईदा ने कहा कि अगर वे बांग्लादेशी हैं तो इसमें क्या गलत है? बांग्लादेशी भी इंसान हैं। धरती इतनी बड़ी है कि बांग्लादेशी यहां रह सकते हैं। उनके रहने से किसी के अधिकारों का हनन नहीं होता है।
उन्होंने आगे कहा कि अल्लाह ने यह धरती इंसानों के लिए बनाई है, शैतानों के लिए नहीं। अगर कोई इंसान धरती पर खड़ा है, तो उसे बेदखल करना मुसलमानों के लिए कयामत है। उन्होंने असम सरकार पर मुसलमानों को बांग्लादेशी बताकर उन पर कयामत लाने का आरोप लगाया और दावा किया कि अवैध प्रवासियों द्वारा भारतीय नागरिकों को उनके अधिकारों से वंचित करने का तर्क 'बेहद शरारती और मानवता के लिए हानिकारक' है।
बता दें कि बिहार, पश्चिम बंगाल और असम में घुसपैठियों का मुद्दा संवेदनशील रहा है। बीजेपी लगातार घुसपैठियों का मुद्दा उठाते रही है। वह बांग्लादेश से सटे जिलों में एक बड़े वर्ग की आबादी को लेकर सवाल खड़े करती रही है। हाल के महीनों में
370 से अधिक बांग्लादेशी घुसपैठियों को पकड़कर वापस भेजा गया है। जुलाई 2025 में श्रीभूमि जिले से 20 और दिसंबर 2024 में 16 घुसपैठियों को बांग्लादेश प्रत्यर्पित किया गया।
Published on:
25 Aug 2025 02:01 pm
बड़ी खबरें
View Allबिहार चुनाव
राष्ट्रीय
ट्रेंडिंग
