7 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

Flying Taxis : भविष्य का हवाई सफर बदलकर रख देंगी ‘फ्लाइंग टैक्सियां’, इन चुनौतियों से पाना है पार

Flying Taxis : दुनिया भर के शहरों में जीवन जबरदस्त ट्रैफिक का पर्याय बन गया है। कई मायनों में सड़क की भीड़ मेट्रो के डीएनए का हिस्सा बन गई है। क्या आप शोर-शराबे के बिना न्यूयॉर्क या बेंगलुरु की कल्पना कर सकते हैं? आने वाले वाले दिनों में शहरी परिवहन की यह झलक ट्रैफिक जाम और प्रदूषण की समस्या से निजता मिल सकेगा।

2 min read
Google source verification
Flying Taxis

Flying Taxis

Flying Taxis : दुनिया भर के शहरों में जीवन जबरदस्त ट्रैफिक का पर्याय बन गया है। कई मायनों में सड़क की भीड़ मेट्रो के डीएनए का हिस्सा बन गई है। क्या आप शोर-शराबे के बिना न्यूयॉर्क या बेंगलुरु की कल्पना कर सकते हैं? आने वाले वाले दिनों में शहरी परिवहन की यह झलक ट्रैफिक जाम और प्रदूषण की समस्या से निजता मिल सकेगा। वह दिन दूर नहीं, जब इलेक्ट्रिक फ्लाइंग टैक्सियों के आने से ट्रैवल जगत बदल जाएगा। कई कंपनियां इलेक्ट्रिक वर्टिकल टेक-ऑफ एंड लैंडिंग (ईवीटीओएल) विमान विकसित कर रही हैं। ईवीटीओएल को इलेक्ट्रिक एयर टैक्सी भी कहते हैं। फ्रांस, जर्मनी, चीन, अमरीका जैसे कई देशों ने आने वाले साल में हवाई टैक्सी लॉन्च करने की योजना बनाई है।

इन चुनौतियों से पाना है पार
1. आने वाले साल में इलेक्ट्रिक फ्लाइंग टैक्सी से जुड़े तमाम स्टार्टअप्स को साबित करना होगा कि उनके विमानों का दुनिया में एक बहुत बड़ा बाजार है।
2. बैटरियां सबसे बड़ी समस्या बनी हुई हैं, जो महंगी और भारी होने से इन विमानों के लाभ को सीमित कर सकती हैं।
3. वाणिज्यिक परिचालन शुरू करने से पहले ईवीटीओएल को वाणिज्यिक एयरलाइनरों की तरह ही पैसेंजरों की सुरक्षा को सुनिश्चित करनी होगी।

यह भी पढ़ें- केरल में निपाह वायरस का बढ़ा खतरा: दो लोगों की मौत से मचा हड़कंप, स्वास्थ्य विभाग का अलर्ट

भारत भी तलाश रहा शहरों में संभावनाएं
देश में अर्बन एयर मोबिलिटी (यूएएम) की मांग शहरी भीड़भाड़, क्षेत्रीय कनेक्टिविटी की कमी और ई-कॉमर्स को अपनाने से जुड़ी है। ट्रैफिक से भारतीय अर्थव्यवस्था को मुंबई, बेंगलूरु, कोलकाता और दिल्ली में लगभग 1.44 ट्रिलियन रुपए का नुकसान होता है। यह देश में यूएएम की अपार संभावनाओं को बढ़ाती है। भारत ईवीटीओएल विमान निर्माताओं को आमंत्रित करने की संभावना तलाश रहा है। ईवीटीओएल के लिए 162 संभावित मार्गों की पहचान हुई है। इसी साल की शुरुआत में बेंगलूरु में भारत में बनी इलेक्ट्रिक एयर टैक्सी का प्रोटोटाइप भी पेश किया गया था।

यह भी पढ़ें- Manipur Violence: मणिपुर में नहीं थम रही हिंसा, कुकी समुदाय के तीन लोगों की गोली मारकर हत्या

ब्राजील से लेकर इजराइल तक दौड़ में
फ्रांस में दो सीटों वाला इलेक्ट्रिक विमान वोलोसिटी आने वाले समय में पेरिस की सैर कराएगा। ब्राजील की कंपनी एम्ब्रेयर इलेक्ट्रिक फ्लाइंग टैक्सियों के निर्माण के लिए साओ पाउलो के पास नई फैक्ट्री लगाएगी। संभावना है कि 2026 से यहां फ्लाइंग टैक्सियां उड़ान भरने लगेंगी। अमरीका व चीन की 2025 तक कमर्शियल फ्लाइंग टैक्सी शुरू करने की योजना है। सुपर साइज्ड ड्रोन जैसे दिखने वाले इन विमानों की दौड़ में हाल में इजराइल भी शामिल हो गया है। इजराइल ने ऑटोनोम्स ड्रोन का परीक्षण शुरू कर दिया है, जो यात्रियों और माल दोनों को ले जाने में सक्षम है।

यह भी पढ़ें- महंगाई की मार: खाद्य महंगाई, शिक्षा और स्वास्थ्य के खर्च में इजाफा होने से लोग परेशान