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गंदे पानी की पाल फिर टूटी, आवासीय क्षेत्र पानी से घिरे

बीकानेर. बल्लभ गार्डन क्षेत्र में रेलवे ओवर ब्रिज के नजदीक गंदे पानी को रोकने के लिए बनाई गई पाल शुक्रवार को टूट गई। पाल टूटने से गंदा पानी आस -पास िस्थत खेतों, आवासीय क्षेत्रों तक पहुंच गया। दोपहर तक मदन विहार, बजरंग विहार, राधा स्वामी सत्संग भवन, पीरखाना सहित बड़े क्षेत्र में पहुंच गया। दर्जनों […]

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बीकानेर. बल्लभ गार्डन क्षेत्र में रेलवे ओवर ब्रिज के नजदीक गंदे पानी को रोकने के लिए बनाई गई पाल शुक्रवार को टूट गई। पाल टूटने से गंदा पानी आस -पास िस्थत खेतों, आवासीय क्षेत्रों तक पहुंच गया। दोपहर तक मदन विहार, बजरंग विहार, राधा स्वामी सत्संग भवन, पीरखाना सहित बड़े क्षेत्र में पहुंच गया। दर्जनों मकान गंदी पानी से घिर गया। लोगों को अपने घरों से निकलना और घरों में पहुंचना मुश्किल हो गया। गंदे पानी को रोकने के लिए बनी कच्ची पाल के टूटने की सूचना मिलते ही निगम प्रशासन ने अधिकारियों-कर्मचारियों को आवश्यक संसाधनों के साथ मौके पर भेज दिया। बड़े क्षेत्र में पानी का भराव होने के कारण निगम संसाधन पाल टूटने के स्थल तक शाम तक नहीं पहुंच पाए। पाल तक पहुंचने के प्रयास चलते रहे।

पानी से घिरे मकान

बल्लभ गार्डन क्षेत्र में गंदे पानी की पाल टूटने से अनेक क्षेत्रों तक पानी पहुंच गया। दोपहर बाद तक क्षेत्र में पानी के भराव का क्रम जारी रहा। पाल टूटने के स्थान से गंदा पानी लगातार बहता रहा। क्षेत्र में दर्जनों बीघा भूमि पर गंदा पानी भरता रहा। साई मंदिर के पीछे, मदन विहार, बजरंग विहार, पीरखाना रोड सहित आस पास के क्षेत्रों, आरओबी रोड सहित अनेक क्षेत्रों में पानी पहुंचता रहा।

बार-बार टूट रही पाल

बल्लभ गार्डन क्षेत्र में गंदे पानी को रोकने के लिए बनाई हुई पाल के बार-बार टूटने का सिलसिला बना हुआ है। गत वर्षों में कई बार मिट्टी से बनी पाल टूट चुकी है। बारिश के दौरान पानी की मात्रा बढ़ने से मिट्टी का कटाव प्रारंभ हो जाता है व पाल टूट जाती है। गंदे पानी के यहां से निस्तारण की पुख्ता व्यवस्था नहीं है। हर बार निगम लाखों रुपए खर्च कर फिर पाल बनाता है।

मौके पर पहुंचे संसाधन

मिट्टी की पाल को पुन: बांधने के लिए निगम ने पॉक्लेन मशीन की मदद लेने का निर्णय लिया है। निगम स्वास्थ्य अधिकारी ओम प्रकाश चौधरी के अनुसार पाल टूटने की सूचना मिलते ही जेसीबी मशीने मौके पर भेज दी गई। पाल टूटने के स्थल तक पहुंचने और जल्द पाल बंंधे इसके लिए पॉक्लेन मशीन की इस कार्य में मदद ली जाएगी। वहीं डम्पर, ट्रैक्टर भी उपयोग में लिए जाएंगे। पाल टूटने और क्षेत्र में फैल रहे पानी पर निगम अधिकारी लगातार नजर बनाए हुए। सहायक अभियंता बजरंग कुमावत, स्वच्छता निरीक्षक हितेश यादव क्षेत्र में मौजूद रहे। वहीं एक्सईएन संजय ठोलिया भी मौके पर पहुंचे और िस्थति का निरीक्षण किया।