
पेरिस। फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) में बैठक पाकिस्तान को करारा झटका लगा है। हर मंच की तरह इस FATF बैठक में भी पाकिस्तान अलग-थलग पड़ता नजर आ रही है। ऐसे में पूरी उम्मीद जताई जा रही है कि FATF पाकिस्तान के खिलाफ कड़े फैसले ले सकता है। संभावना है कि पाकिस्तान को 'डार्क ग्रे' लिस्ट में डाला जा सकता है। इसे सुधरने की आखिरी चेतावनी मानी जाती है।
पाकिस्तान की कार्रवाईयां अपर्याप्त
इस बैठक में पाकिस्तान को टेरर फंडिंग और मनी लॉन्ड्रिंग रोकने में नाकाम पाया गया है। इसके साथ ही पाकिस्तान ने अपने यहां पनप रहे आतंकी संगठनों पर भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। पेरिस में चल रही है इस बैठक में भाग लेने पहुंचे अधिकारियों में से एक ने बताया कि ऐसे संकेत हैं कि पाकिस्तान को इन अपर्याप्त कार्रवाईयों के चलते खामियाजा भुगतना पड़ सकता है। अधिकारियों ने बताया कि पाकिस्तान 27 पॉइंट में से मात्र 6 पर ही खरा उतरा पाया है।
दोस्त देशों ने भी नहीं दिया साथ
पाकिस्तान ने लगभग हर सदस्य देश से संपर्क कर उसे ब्लैकलिस्ट में न डालने के लिए समर्थन मांगा था। पाकिस्तान को तुर्की, मलेशिया और चीन से मदद की उम्मीद थी। लेकिन इस बैठक में ये तीन देश भी किनारा करते दिख रहे हैं। आपको बता दें कि FATF की ग्रे या ब्लैक लिस्ट में डाले जाने पर देश को अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से कर्ज मिलने में कठिनाई होती है। इसके साथ ही देश की अर्थव्यवस्था पर भी बुरा असर पड़ता है।
Updated on:
15 Oct 2019 01:34 pm
Published on:
15 Oct 2019 09:36 am
बड़ी खबरें
View Allट्रेंडिंग
