
दुनिया काफी अद्भुत और आश्चर्यचकित चीजों से भरी हुई है। धरती में पाए जाने वाले पेड़-पौधों में भी इस तरह की कई अजीबोगरीब चीजें देखने को मिलती है। इंसान या जानवर मांसाहारी भोजन का सेवन करते हैं लेकिन क्या भला पेड़-पौधों को भी मांसाहार का शौक है? तो इसका जवाब है हां। दुनिया में कार्नीवोरस प्लांट्स भी पाए जाते हैं जो मांस खाते हैं। दुनिया में इनकी लगभग 975 प्रजातियां पाई जाती है। इनमें से तीस प्रजातियां भारत में पाई जाती है।

घटपर्णी कलशनुमा दिखने वाले ये पौधे आसाम की पहाड़ियों में पाए जाते हैं।

सन-ड्यू करीब 9 फुट तक लंबे इन पौधों की करीब 170 प्रजातियां देश के विभिन्न भागों में पाई जाती है। सन-ड्यू पौधे की पत्तियों में एक लसलसा सा तरल पदार्थ निकलता है जो धूप में ओस की बूंदो की तरह चमकता है।

वीनस फ्लाइट ट्रैप वीनस कीड़े-मकोड़ो को अपनी ओर आकर्षित कर इन्हें निगल जाती है।

पिचर प्लांट्स इस पौधे को दूर से देखने पर ऐसा लगता है जैसे कि मानों ये रस से भरी हुई है। इसे देखकर भंवरे आसानी से चले आते हैं और तभी ये पिचर प्लांट्स इन्हें अपना शिकार बना लेती है।

ब्लैडरवस्ट इस पौधे की पत्तियां चौड़ी होती है और इनकी ऊपरी सतहों पर लसलसी ग्रन्थियां मौजूद होती है। छोटे-छोटे कीड़े इन ग्रन्थियों से चिपक जाते हैं। ब्लैडरवस्ट हिमालय में पाई जाती है।

नेपिन्थिस नेपिन्थिस की पत्तियों की ऊपरी सतह सूराही के जैसा होता है। इसी में कीड़े-मकोड़े आकर फंस जाते हैं। नेपिन्थिस असम की खसिया और गारो पहाड़ियों पर पाई जाती है।

डायोनिया अमरीका में पाई जाने वाली इन पौधों की पत्तियां जमीन पर बिछी रहती है और एक तरह से कह सकते हैं कि यहीं उनका जाल है।

सरसैनिया सरसैनिया पौधे की पत्तियां सूराही जैसी हो जाती है और इसमें पानी भर जाता है। पत्तियों के ऊपरी हिस्से में नीचे की ओर मुड़े हुए कई बाल होते हैं। शहद की लालच में जैसे ही कीट इन पत्तियों पर बैठते हैं वैसे ही फिसल कर इनका शिकार बन जाते हैं।

कोबरा लिली ये पौधा अपनी नाम की तरह ही दिखता है यानि कि इसकी बनावट सांप जैसी होती है। इसमें एक पत्ती होती है जो सांप के जीभ की तरह फड़फड़ाती रहती है।

मक्खाजाली तालाब के किनारे पाई जाने वाली इस पौधे की गोलाई में लगभग 25 पत्तियां होती है। हर पत्तियों पर 200 छोटे-छोटे संवेदक होते हैं। ऊपरी सतह पर एक बेहद चमकीला तरल पदार्थ होता है जो कीट-पतंगों को अपनी ओर आकर्षित करती है।