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केरल उपचुनाव में बीजेपी को झटका, साथ नहीं देगी सहयोगी पार्टी बीडीजेएस

चेंगन्नूर उपचुनाव बीजेपी को अपने दम पर चुनाव लड़ना पड़ेगा। मुख्य सहयोगी पार्टी इस चुनाव में बीजेपी का साथ नहीं देगी।
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नई दिल्ली

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Mangala Prasad Yadav

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Updated: 29 Apr 2018, 9:57 PM IST

Vellapalli

तिरुवनन्तपुरमः केरल के चेंगन्नूर में महत्वपूर्ण उपचुनाव से पहले बीजेपी को तगड़ा झटका लगा है। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) के यहां के दूसरे सबसे बड़े घटक भारत धर्म जन सेना (बीडीजेएस) ने रविवार को फैसला किया कि वह बीजेपी के साथ अपना 'असहयोग' जारी रखेगी, क्योंकि उसकी मांगे पूरी होनी अभी भी बाकी हैं। एसएनडीपी की बीडीजेएस राजनीतिक शाखा है। एसएनडीपी पिछड़े एझावा समुदाय के लिए काम करने वाला प्रमुख संगठन है। बीडीजेएस के नेता तुषार वेल्लापल्ली ने पार्टी नेताओं की बैठक के बाद मीडिया से कहा कि बीडीजेएस अभी भी एनडीए का हिस्सा है, लेकिन 'हमारी मांगों को अभी भी पूरा नहीं किया गया है तो हमने बीजेपी का सहयोग नहीं करने का निर्णय लिया है।'

वेल्लापल्ली नहीं करेंगे बीजेपी का प्रचार
एसएनडीपी के सर्वोच्च नेता वेल्लापल्ली नटेसन के बेटे तुषार ने कहा, "चुनाव में हमारा रुख एक हफ्ते के भीतर तय हो जाएगा और तब तक हम बीजेपी के चल रहे चुनाव प्रचार में हिस्सा नहीं लेंगे।" बीडीजेएस को बीजेपी से नाखुश बताया जा रहा है, क्योंकि इसने जब 2015 में एनडीए में शामिल होने का फैसला किया था तो इसे केंद्र में पद दिए जाने का वादा किया गया था, जो पूरा नहीं किया गया।

चेंगन्नूर में होगा उपचुनाव
केरल के चेनगान्नूर विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी को झटका लग सकता है। यहां पर 28 मई को वोट डाले जाएंगे और 31 मई को वोटों की गिनती की जाएगी। सीपीआइएम नेता रामचंद्र नायर के निधन के बाद चेनगन्नूर में उपचुनाव हो रहा है। बीजेपी इस सीट पर अपना उम्मीदवार खड़ा कर रही है। बीजेपी चाहती है कि इस सीट के लिए सहयोगी भारत धर्म जन सेना उसकी मदद करे और इलाके में प्रचार भी इसके नेता करें। गठबंधन में आई दरार के बाद बीडीजेएस ने साफ कर दिया है कि वह इस चुनाव में बीजेपी का साथ नहीं देगी। साल 2016 में हुए विधानसभा चुनाव में इस पार्टी ने 4.47 प्रतिशत मत हासिल किए थे। 2015 में गठित इस दल का केरल में जनाधार माना जाता है।