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एक तरफ डिमॉनेटाइजेशन तो दूसरी तरफ 4 से 5 मित्रों का मॉनेटाइजेशन हो रहा है: राहुल गांधी

  मोदी सरकार के दौर में जीडीपी का मतलब गैस डीजल और पेट्रोल तक सीमित होकर रह गया है। 2014 के मुकाबले रसोई गैस की कीमतें 116 फीसदी बढ़ी हैं।
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नई दिल्ली

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Dhirendra Kumar Mishra

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Updated: 1 Sep 2021, 5:23 PM IST

Rahul Gandhi

Rahul Gandhi

नई दिल्ली। घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी के बाद कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। बुधवार को राहुल गांधी से मीडिया से बातचीत में कहा कि डीजल और पेट्रोल की कीमतें बढ़ने का प्रत्यक्ष असर लोगों पर पड़ता है। इससे ट्रांसपोर्टेशन की कीमतें भी बढ़ती हैं और फिर महंगाई बढ़ती है।

उन्होंने कहा के भारत में एक साथ दो काम हो रहा है। पिछले 7 वर्षों में हमने एक नया आर्थिक प्रतिमान देखा है। एक तरफ डिमॉनेटाइजेशन और दूसरी तरफ मॉनेटाइजेशन हो रहा है। यानि विनिवेश और मोनेटाइजेशन दोनों हो रहा है। मोनेटाइजेशन केवल चार से पांच उद्योपति मित्रों का हो रहा है।

2014 के मुकाबले 116 फीसदी बढ़ीं रसोई गैस की कीमतें

राहुल गांधी ने कहा कि मोदी सरकार के दौर में जीडीपी का मतलब गैस डीजल और पेट्रोल तक सीमित होकर रह गया है। 2014 के मुकाबले रसोई गैस की कीमतें 116 फीसदी बढ़ी हैं। तेल की कीमतों में 142 फीसदी का इजाफा हुआ है। वहीं पेट्रोल के कीमतों में 42 फीसदी बढ़ोतरी हुई है।

15 दिनों में बढ़े 50 रुपए दाम

बता दें कि सितंबर माह के पहले दिन ही रसोई गैस के दाम में फिर 25 रुपए की बढ़ोतरी कर दी गई है। जबकि पिछले 15 दिनों में गैर-सब्सिडी वाले एलपीजी सिलेंडर के दाम 50 रुपए बढ़ गए हैं।