प्रतापगढ़. सरकारी योजना का लालच देकर फर्जी अकांउट खुलवाकर करोड़ों रुपए की ठगी करने के मामले में गिरोह के मुय आरोपी मध्यप्रदेश जिले के रतलाम जिले के मृगांक मिश्रा को पांच माह बाद पुलिस ने मुबई एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसकी गिरतारी के लिए लुक आउट का नोटिस जारी किया हुआ था।
एसपी अमित कुमार ने बताया कि प्रतापगढ़ के कुछ लोगों ने मई 2023 में कोतवाली में रिपोर्ट दी थी। जिसमें बताया गया कि सरकारी योजना के तहत रुपयों का लालच देकर उनके नाम से बैंक में खाते खुलवाए गए। उन्हें बताया गया कि इन खातों में सरकारी योजना के तहत रुपए डलवाए जाएंगे। उनके नाम से सिम कार्ड भी जारी करवाए गए। जिसके बाद बैंक की ओर से जानकारी दी कि उनके खातों में ज्यादा ट्रांजेक्शन हो रहा है। जिसके बारे में परिवादी को कुछ पता नहीं था। पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान के लिए विशेष टीम का गठन किया गया।
साईबर टीम ने इन खातों को संदिग्ध मानते हुयए डेबिट फ्रिज करवाया गया। इन खातों से जुड़े सभी खाते जिनमें संदिग्ध राशि को ट्रांसफर किया गया था। ऐसे 90 से ज्यादा खातों का अब तक पता लगाया जा चुका है। जिनमें इन खातों से राशि ट्रांसफर की गई है। जब इन खातों का विश्लेषण किया गया तो सामने आया कि यह रकम आईपीएल सट्टे व अन्य संदिग्ध कार्यों से जमा गई है। इन सभी खातों को डेबिट फ्रिज करवाकर अभी तक 3 करोड़ 88 लाख 29 हजार 178 रुपए की संदिग्ध रकम होल्ड करवाई गई। फर्जी खाते खुलवाने वाले 4 आरोपियोंं को भी गिरतार किया गया था।
जिनके पास से 20 से ज्यादा डेबिट, क्रेडिट कार्ड जब्त किए गए। प्रकरण में मुय सरगना मृगांक पुत्र अनिल कुमार मिश्रा की तलाश की गई। जिसमें सामने आया कि वह दुबई में रहकर अवैध गतिविधियां संचालित कर रहा था। तकनीकी आधार पर पुलिस ने जानकारी जुटाई कि वह 14 अक्टूबर को भारत आएगा।
जो मुबई एयरपोर्ट पर उतरेगा। प्रतापगढ़ पुलिस की टीम मुबई पहुंची। जहां छत्रपति शिवाजी एयरपोर्ट से डिटेन कर लिया। उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया,जहां से 21 अक्टूबर तक पुलिस रिमांड पर लिया था।