प्रतापगढ़. नारकोटिक्स विभाग की ओर से प्रतापगढ़ खंड के अफीम किसानों की अफीम का तोल बुधवार से शुरू हुआ। हयां पहले दिन 16 गांवों के 301 किसान अपनी अफीम लेकर पहुंचे। जहां अफीम का तोल किया गया। यहां अफीम तोल केन्द्र पर सीसीटीवी समेत सुरक्षा के पूरे इंतजाम किए गए है। जिला अफीम अधिकारी खंड प्रथम एलसी पंवार ने बताया कि यहां जैन दादावाड़ी परिसर में नारकोटिक्स विभाग की ओर से तोल केंद्र की शुरुआत की गई। गौरतलब है कि वर्ष 2023-24 के लिए 3085 किसानों को चीरा पद्धति से अफीम खेती का लाइसेंस खंड प्रथम के तहत प्रदान किया गया था। यहां तोल कार्य आगामी 9 अप्रेल तक चलेगा। जिसमें पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार रोजाना अलग-अलग गांवो के किसान अपनी अफीम को लेकर पहुंचेंगे। किसानों को अफीम का भुगतान ऑनलाइन किया जाएगा। अफीम की जांच हाथ परख पद्धति से की जा रही है। यहां पर प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं। साथ ही सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम यहां पर किए गए हैं। तुलाई के बाद जांच के लिए यह अफीम नीमच फैक्ट्री में भेजी जाएगी। वर्तमान में किसानों को अफीम की गुणवत्ता के आधार पर 870 रुपए से 3500 रुपए प्रति किलो का भुगतान किया जा रहा है।
छोटीसादड़ी में पहले दिन 1684 किलों अफीम तोली
प्रतापगढ़. छोटीसादड़ी खंड के किसानों की अफीम का तोल भंवर माता रोड़ स्थित महर्षि दयानंद वाटिका परिसर में शुरू हुआ। यहां नारकोटिक्स विभाग की ओर से बुधवार को पहले दिन 10 गांवों से आए 225 किसानों की अफीम का तोल हुआ। जिला अफीम अधिकारी बीएन मीणा ने बताया कि पहले दिन 10 गांवों के 225 किसानों की 1684 किलों अफीम तोली गई। जिसका दो लाख 53 हजार रुपए का भुगतान किसानों को ऑनलाइन खाता में किया जाएगा। वहीं, किसानो की अफीम का संग्रहण कर सैम्पल लेकर उसे प्रयोगशाला जांच के लिए भी भेजा जा रहा है। जिससे अफीम की गुणवत्ता व मिलावट का पता चल सकेगा। वहीं अफीम की सुरक्षा के लिए पुलिस व होमगार्ड के जवान भी तैनात रहे।