सीए चेतन तारवानी ने बताया कि टैक्स रेट कम होने के बाद नए टैक्स रेट पर सामान बेचने से दुकानदारों को नुकसान नहीं है। उदाहरण के तौर पर 28 फीसदी टैक्स के साथ दुकानदार ने 10 हजार की वाशिंग मशीन 12800 रुपए में खरीदी, लेकिन बेचते समय इसकी कीमत घटकर 11800 रुपए रह जाएगी, क्योंकि वाशिंग मशीन में टैक्स 10 फीसदी घट चुका है। ऐसे में दुकानदार यदि यह सोचे कि उसे 1000 रुपए का नुकसान होगा, इसकी भरपाई कौन करेगा, तो ऐसा नहीं है, क्योंकि जीएसटी डीलर्स को यह पता है कि यह राशि सरकार के पास क्रेडिट रहती है। जीएसटी सॉफ्टवेयर में भी इसका ऑप्शन है, वहीं दूसरी खरीदारी में इसका समायोजन किया जा सकता है। रिटर्न में भी दुकानदार इस डिफरेंस की बात का उल्लेख करता है।