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रायपुर समेत 25 एयरपोर्ट सौंपे जाएंगे निजी हाथों में, राज्यसभा में वीके सिंह ने दी जानकारी

Swami Vivekananda Airport Raipur: ये हवाईअड्डे अभी एयरपोर्ट अथोरिटी ऑफ इंडिया संचालित करती है। नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री वीके सिंह ने सोमवार को राज्यसभा में एक लिखित जवाब में कहा कि नेशनल मोनिटाइजेशन पाइप लाइन के अनुरूप एयरपोर्ट अथोरिटी के 25 हवाई अड्डों को लीज पर देने के लिए चिह्नित किया गया है।

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रायपुर एयरपोर्ट

Swami Vivekananda Airport Raipur: छत्तीसगढ़ के रायपुर स्थित स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट तथा मध्यप्रदेश के भोपाल-इंदौर समेत देश में 25 हवाई अड्डे पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) के तहत निजी हाथों को सौंपने के लिए चुने गए हैं। इन्हें 2022 से 2025 तक की अवधि के लिए निजी कंपनियों को लीज पर दिया जाएगा। ये हवाईअड्डे अभी एयरपोर्ट अथोरिटी ऑफ इंडिया संचालित करती है। नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री वीके सिंह ने सोमवार को राज्यसभा में एक लिखित जवाब में कहा कि नेशनल मोनिटाइजेशन पाइप लाइन के अनुरूप एयरपोर्ट अथोरिटी के 25 हवाई अड्डों को लीज पर देने के लिए चिह्नित किया गया है। इनमें भुवनेश्वर, वाराणसी, अमृतसर, त्रिची, रायपुर, कालीकट, कोयम्बटूर, नागपुर, पटना, मदुरै, सूरत, रांची, चैन्नई, विजयवाड़ा, वड़ौदरा, तिरुपति, हुबली, इंफाल, अगरतला, देहरादून व राजामुंदरी हवाई अड्डे भी शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट अथोरिटी ने दिल्ली, मुम्बई, लखनऊ, जयपुर, जोधपुर, उदयपुर, मैंगलुरू, गुवाहाटी, अहमदाबाद व तिरुवनंतपुरम हवाई अड्डों को संचालन, प्रबंधन व विकास के उद्देश्य से निजी कंपनियों को पीपीपी पर सौंपा है। यह काम जनहित में किया गया है। राज्य व यात्रियों को हवाई अड्डों के विकास व सुविधाएं बढ़ने से काफी लाभ हुआ है। इससे राज्यों की आर्थिक स्थिति को भी फायदा पहुंचा है।

नए बजट में होगा प्रावधान
स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट रायपुर का निजीकरण किए जाने की घोषणा को मूर्त रूप देने के लिए नए बजट में प्रावधान किया जा सकता है। ट्रैवल्स संचालकों का कहना है कि पिछले काफी समय से इसे निजी हाथों में सौंपने की कवायद चल रही है। निजीकरण किए जाने की घोषणा के साथ जमीनी स्तर पर काफी काम किए जाने की जरूरत है। एयरपोर्ट को चिन्हांकित किए जाने के बाद निविदा,जारी करने से पहले उसके नियम, वार्षिक शुल्क, रखरखाव, सुरक्षा, नए निर्माण और कर्मचारियों की तैनाती से लेकर संचालन के शर्तो तय की जाएगी। इन सभी को पूरा करने वाली संबंधित कंपनियों को इसे सौंपा जाएगा। हालांकि इस समय सिर्फ निजीकरण किए जाने की घोषणा की गई है। जमीनी स्तर पर कोई पहल नहीं हुई है।

21 नए ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट बनेंगे
सिंह ने बताया कि केंद्र सरकार ने देश में 21 नए ग्रीन एयरपोर्ट खोलने की सैद्धांतिक सहमति दी है। इनमें मोपा (गोवा), नवी मुबंई, शिरडी व सिंधुदुर्ग (महाराष्ट्र), कालाबुर्गी, बिजयापुरा, हासन व शिवमोगा (कर्नाटक), डाबरा-ग्वालियर (मप्र), जेवर-नोएडा व कुशीनगर (उत्तरप्रदेश) धोलेरा व हीरासर (गुजरात), दुर्गापुर (पश्चिम बंगाल) शामिल हैं। उन्होंने बताया कि देश में चार साल में 10 ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट समेत 38 नए हवाई अड्डे और उड़ान योजना के तहत रीजनल कनेक्टिविटी के 351 वायुमार्ग शुरू हुए हैं।