रायपुर

किसान के मेहनत से कमाए रूपए को बैंक कर्मी नकली बताकर लिखा कैंसिल, कोई दुकानदार लेने को नहीं है तैयार

इलाके में इन दिनों नकली नोट धीरे-धीरेकर बाजार पैर पसारने लगा है। यह हम नहीं बल्कि पिछले कुछ दिनों से लगातार केशकाल इलाके ऐसे मामले सामने आ रहे है। जिसकी शिकायत भी जागरूक ग्रामीणों ने पुलिस से की है, और पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए जांच में जुटी हुई है।

2 min read
Nov 09, 2022

नकली नोटों का मामला समाने आने के बीच ईरागांव थाना क्षेत्र के एक ग्रामीण आदिवासी किसान धनीराम ने बताया कि, ऐसा ही एक नोट उसके पास भी है, जिसे वह कुछ माह पहले अपनी मक्के की उपज बेचने के बाद एक व्यापारी से लिया था। और जब इस नोट को लेकर वो धनोरा ग्रामीण बैक गए तो वहॉ के कर्मचारी ने नोट को नकली होना बताते हुए उसे कैसिल करते हुए वापस कर दिया। इसके बाद से वह परेशान इसलिए है कि, उसकी मेहनत की कमाई का पैसा नकली निकल गया।

वही जब इस मामले की जानकारी कुछ जागरूक लोगों को लगी तो उन्होंने ग्रामीण से कैसिंल किए नोट लेकर सीधे भारतीय स्टेट बैक के ब्रांच केशकाल पहुंचे जहॉ नोट की जांच में प्रथम दृश्या असली बताया जा रहा है। अब समझ से यह परे है कि, नोट असली है कि, नकली, लेकिन नोट में तो अब कैसिल होने का लेख के चलते उसे कोई दुकानदार या अन्य लेने को तैयार नहीं है। आपको बता दे कि, पिछले कुछ दिनों से धनोरा व इरागांव इलाके में इस तरह के नोट होने के मामले सामने आए है, हालांकि अब जांच के बाद ही पता चल पाएगा कि, ये नकली नोट इलाके के बाजारों में कैसे फैल रहा है।

लीड बैंकधिकारी पी शुक्ला से हुई फोन से चर्चा में उन्होंने बताया कि, बैक कर्मी को यह अधिकार है कि, यदि नकली नोट की पुष्टि हो जाती है तो उसे तत्काल बैक की सील लगाते हुए उसे जप्त कर लिया जाता है। इसके बाद उच्चधिकारियों के माध्यम से उसे आरबीआई को भेजा जाता हैं। वही यदि तीन से ज्यादा नकली नोट सामने आते है तो पुलिस को सूचना दिया जाता है।

बैककर्मी के द्वारा नोट कैसल कर वापस किये जाने का मामला संज्ञान में आया है, जिसकी नियमानुसार जांच कारवाई जाएगी।
सतेंद्र पांडे, आरएम. ग्रामीण बैक

Published on:
09 Nov 2022 03:31 pm
Also Read
View All

अगली खबर