
गुपचुप व चाट बेचकर आत्मनिर्भर बनी बसंती साहू
संडी बंगला। जिले के पलारी विकासखंड के अंतर्गत ग्राम खरतोरा निवासी बंसती साहू ने गुपचुप व चाट बेचते हुए स्वरोजगार स्थापित कर आत्मनिर्भर बनने का एक नया उदाहरण पेश की है। आज वह गुपचुप व चाट के दुकान के बदौलत अपनी पैरों में खड़ी होकर कई महिलाओं को स्वरोजगार के लिए प्रेरित कर रही है। राज्य शासन द्वारा संचालित मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के माध्यम से 1 लाख रुपए का ऋण मिला। जिससे दुकान को विस्तार करने में काफी मदद मिला है।
मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के माध्यम से छोटी-छोटी सहायता से रोजगार के साधन खुल रहे हंै। उनके पति शुरुआती समय में अपने गांव में ही एक छोटा से गुपचुप का ठेला चलाते थे। शादी के बाद अपने पति को मदद व ं व्यापार को और बढ़ाने के लिए एक बड़े गुपचुप व चाट कॉर्नर खोलने के बारे में सोचने लगी। उनके पति द्वारा बार-बार मना करने के बाद भी बसंती अपनी जिद में अड़ी रही। कहा कैसे भी हो घर का खर्च चलाने के लिए हमें अपने कामों को विस्तार देना होगा। पर इसके लिए शुरूआती समय में और पैसों की आवश्यता थी जो इनके कार्य विस्तार में बाधा बन रही थी। उसी दौरान अपने गांव के मितानिन के माध्यम से राज्य शासन की योजना मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के बारे में पता चला जो ऐसे कार्यों के लिए ऋण प्रदान करता है। समय नही गंवाते हुए उन्होनें बलौदाबाजार स्थित विभाग जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र में इस योजना के अंतर्गत लोन के लिए आवेदन किया। दिसंबर 2019 से खरतोरा के नजदीक बडे गांव मुडपार (संडी) में आज कोमल चाट कॉर्नर के नाम से दुकान का संचालन कर रही है। बसंती ने बताया की दुकान में प्रतिमाह करीब 40 से 45 हजार रुपए का व्यापार हो जाता है, जिससे मुझे प्रतिमाह 10 से 12 हजार रुपए की आमदनी हो रही है।
Published on:
15 Sept 2021 04:54 pm
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