
छत्तीसगढ़ के रायपुर शहर में जल जीवन मिशन के कार्यों में गलत अनुभव प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने वाले ठेकेदारों पर जल्द की गाज गिरने वाली है। विभागीय मंत्री अरुण साव ने 12 समूह जल प्रदाय योजनाओं के टेंडर में ठेकेदारों द्वारा प्रस्तुत अनुभव प्रमाण पत्र सही नहीं पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।
साथ ही उनकी निविदा निरस्त कर निविदाकारों के विरूद्ध नियमानुसार कानूनी कार्यवाही करने को कहा। मंत्री साव ने अधिकारियों को यह निर्देश पीएचई के कार्यों की समीक्षा दौरान दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से कहा, जल जीवन मिशन के कार्यों को मिशन मोड में पूर्ण करें। गांवों में पर्याप्त पेयजल की आपूर्ति के लिए भू-जल स्त्रोतों को रिचार्ज करने भू-जल संवर्धन के कार्य प्राथमिकता से करें। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव मोहम्मद कैसर अब्दुल हक और जल जीवन मिशन के संचालक डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे भी समीक्षा बैठक में शामिल हुए।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने बैठक में जल जीवन मिशन के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने क्रेडा द्वारा लगाए जा रहे सोलर पंपों के मापदण्डों का क्रेडा के अधिकारियों के साथ संयुक्त बैठक कर लगातार मॉनिटरिंग करने को कहा। बैठक में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के प्रमुख अभियंता डॉ. एम.एल. अग्रवाल तथा रायपुर, बिलासपुर और जगदलपुर जोन के मुख्य अभियंता भी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।
Updated on:
05 Oct 2024 04:05 pm
Published on:
05 Oct 2024 04:04 pm
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