
10 हजार में बनवाई रेलवे की वेबसाइट, 22 बेरोजगारों से ठगे 22 लाख रुपए, जानें पूरी घटना
रायपुर। रेलवे आपदा विभाग में नौकरी लगाने का झांसा देकर बिलासपुर के शातिरों ने 22 बेरोजगारों से 22 लाख की ठगी कर ली। इसके लिए आरोपियों ने रेलवे की फर्जी वेबसाइट बनाई और उसमें ऑनलाइन फॉर्म भरने वाले बेरोजगारों को इंटरव्यू के लिए बुलाया। इंटरव्यू लेने के दौरान आरोपियों ने उम्मीदवारों से किस्तों में रुपए लिए और फोन बंद करके फरार हो गए। शिकायत मिलने पर मौदहापारा पुलिस ने गिरोह के मास्टरमाइंड विसेसरलाल देवांगन को पकड़ा है।
पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ शिकायत राजनांदगांव निवासी पंचराम रजक ने की थी। वेबसाइट पर पोस्ट देखकर पंचराम के बेटे ने आवदेन दिया तो वेबसाइट में 5 दिसंबर 2018 को रायपुर में इंटरव्यू होने के बारे में पता चला। बेटे ने रायपुर के कृष्णा कॉम्प्लेक्स में आकर इंटरव्यू दिया। इसके बाद नौकरी देने के नाम पर उससे 3 लाख रुपए मांगे गए। इस पर उसने 7 दिसंबर 2018 को कृष्णा कॉम्प्लेक्स के ऑफिस में नरेंद्र देवांगन को डेढ़ लाख रुपए नकद दिए और डेढ़ लाख रुपए उनके अकाउंट में ट्रांसफर कर दिया। फिर नरेंद्र ने 15 दिन बाद संपर्क करने के लिए कहा। 15 दिन बाद संपर्क किया तो बाद में बात करने के लिए कहा और फिर फोन बंद कर लिया। इसके बाद पीडि़त ने मौदहापारा थाने में शिकायत दी। शिकायत के दो साल बाद आरोपी को बिलासपुर से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आरोपी के बैंक खाते में लाखों रुपए लेन-देन का विवरण, 2 एटीएम कार्ड, 2 पासबुक और 1 मोबाइल फोन बरामद किया है।
10 हजार रुपए में बनाई थी वेबसाइट
पुलिस को आरोपियों ने बताया कि झांसे में लेने के लिए 10 हजार रुपए में हूबहू रेलवे जैसी वेबसाइट का निर्माण कराया था। वेबसाइट में लोगों ने संपर्क किया तो 300 लोगों को इंटरव्यू के लिए शास्त्रीचौक स्थित कृष्णा कॉम्प्लेक्स बुलाया था। कृष्णा कॉम्प्लेक्स में जितने लोग पैसा देने के लिए तैयार हुए उनसे पैसा लिया और बाकी को रिजेक्ट करके वापस भेज दिया।
आरोपी के साथी पंकज शर्मा की तलाश
दूसरे आरोपी पंकज शर्मा उर्फ रजत देवांगन की पुलिस तलाश कर रही है। आरोपी विसेसरलाल देवांगन के पास आरोपी की डिटेल और उसके फरार होने की लोकेशन पुलिस को मिली है। आरोपियों ने एजेंट के माध्यम से लोगों को ठगा था। कुछ एजेंटों ने आरोपियों के खिलाफ पुलिस को सबूत दिया है, इसलिए उन्हें गवाह बनाने की तैयारी कर रही है।
वर्जन...
राजनांदगांव निवासी पंचराम रजक ने आरोपी नरेंद्र देवांगन के नाम से शिकायत 2018 में की थी। मुखबिर की सूचना पर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।
यदुमणि सिदार, निरीक्षक, मौदहापारा, रायपुर
Click & Read More Chhattisgarh News.
Published on:
11 Feb 2020 10:16 pm
बड़ी खबरें
View Allरायपुर
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
