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Labour Day 2021 : मजदूर दिवस आज, कोई सार्वजनिक कार्यक्रम नहीं

Labour Day 2021 : भारत में पहली बार मजदूर दिवस 1 मई 1923 को मनाया गया। इसकी शुरुआत चेन्नई से हुई।

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रायपुर .Labour Day 2021 : दुनियाभर में हर साल 1 मई को 'अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस' मनाया जाता है। इस दिन मजदूरों के काम के घंटों को घटाकर अधिकतम 8 घंटे किया गया था । भारत में अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस को लेबर डे, वर्कर डे, मई दिवस, कामगार दिन, इंटरनेशनल वर्कर डे (International Workers’ Day 2021) भी कहा जाता है। इस दिन दुनियाभर में मजदूरों के हक और अधिकारों से संबंधित कई कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जाता है लेकिन इस साल कोरोना संक्रमण के चलते लॉकडाउन की वजह से मजदूर दिवस से जुड़े सभी कामों को पहले ही रद्द कर दिया गया है। कुछ संगठनों ने ऑनलाइन कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय किया है।

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भारत में 25 साल बाद मनाया गया मजदूर दिवस
भारत में पहली बार मजदूर दिवस 1 मई 1923 को मनाया गया। इसकी शुरुआत चेन्नई से हुई। लेबर किसान पार्टी ऑफ हिन्दुस्तान के नेता कामरेड सिंगरावेलू चेट्यार की अध्यक्षता में पहली बार भारत में मजदूर दिवस मनाया गया, जब मद्रास हाईकोर्ट सामने एक बड़ा प्रदर्शन किया गया।

मजदूर दिवस का महत्‍व
कहा जाता है कि मजदूर ही दुनिया के विकास की रीढ़ हैं। मजदूरों ने ही अपने खून पसीने से दुनिया को ये आधुनिक चमक दी है। आज दुनिया की जिस चमक पर हम गर्व महसूस करते हैं, ऐशो आराम से अपनी जिंदगी जीते हैं, ये सब मजदूरों की ही देन है। ऐसे में मजदूर दिवस पर हमें इन कामगारों की मेहनत को याद करते हुए इन्हें धन्यवाद करना चाहिए।

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मजदूर दिवस का आरंभ
मजदूर दिवस का आरंभ अमेरिका के इलिनाय प्रांत के पश्चिम-मध्य में सबसे बड़े शहर शिकागो से हुई। शिकागो में शहीद मजदूरों की याद में पहली बार मजदूर दिवस मनाया गया। यहां 1 मई 1886 को मजदूरों ने एक आंदोलन छेड़ दिया था। हजारों की संख्या में मजदूर सड़क पर आ गए थे। ये मजदूर लगातार 10-15 घंटे काम कराए जाने के खिलाफ हड़ताल पर आ गए थे। मजदूर यूनियन काम का समय 8 घंटे तय किए जाने की मांग कर रहे थे। इस दौरान हेमार्केट में एक बम धमाका भी हुआ, तभी पुलिस ने प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए मजदूरों पर गोलियां चला दीं। इस हादसे में कई मजदूर मारे गए। इसके बाद साल 1889 में पेरिस में एक अंतर्राष्ट्रीय समाजवादी सम्मेलन का आयोजन किया गया। यहां ऐलान किया गया कि हेमार्केट नरसंघार में मारे गए मजदूरों की याद में हर साल 1 मई को अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस मनाया जाएगा। इस दिन कामगारों के अवकाश का भी ऐलान किया गया।

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