Raipur Railway Station: रायपुर रेलवे स्टेशन में जल्द ही यात्रियों को एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं मिलने वाली है। इसे लेकर निर्माण कार्य शुरू हो गया है। रायपुर के अलावा बिलासपुर और दुर्ग स्टेशन में काम चल रहा है..
Raipur Railway Station: अमृत भारत योजना के तहत राजधानी के रेलवे स्टेशन का नवनिर्माण किया जा रहा है। लगभग 370 करोड़ रुपए की लागत से यह निर्माण कार्य चल रहा है। यात्रियों की हर सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए रायपुर रेलवे स्टेशन को एयरपोर्ट जैसा बनाया जा रहा है। फिलहाल नई नींव डाली जा रही है। नई सड़क का निर्माण भी शुरू हो चुका है। यात्रियों को पहले से ज्यादा चौड़ी सड़क मिलेगी। बेहतर पार्किग की व्यवस्था रहेगी।
नए सुविधाओं से परिसर सुसज्जित रहेगा। गुढ़ियारी के भारत माता चौक से स्टेशन तक चौड़ीकरण किया जाना है। चौड़ा करने से पहले रोड की नपाई पूरी हो चुकी है। सड़क चौड़ा होने पर मोहबाबाजार, कोटा, टाटीबंध, उरला, गोगांव के ओर से आने वाले यात्रियों को सीधे रेलवे स्टेशन के गेट पर पहुंचने में आसानी होगी। वर्तमान में पहाड़ी चौक से स्टेशन तक सड़क संकरी है।
बिलासपुर रेलवे जोन के प्रमुख रूप से तीन रेलवे स्टेशनों को री-डेवलपमेंट प्लान में रखा गया है, जिसका ऐलान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले साल अगस्त महीने में किया था। इस प्लान में रायपुर के अलावा बिलासपुर और दुर्ग स्टेशन भी शामिल है। सबसे पहले रायपुर स्टेशन का टेंडर फाइनल हुआ था, जिस पर अब प्रारंभिक तौर पर काम शुरू हुआ है।
री-डेवलपमेंट प्लान में स्टेशन के दोनों मल्टीस्टोरी पार्किंग और आने-जाने के लिए चौड़ी सड़कें बनेंगी। सबसे पहले निर्माण की शुरुआत स्टेशन परिसर के खाली जगहों से होंगी। इसके बाद प्लेटफार्म एक की चौड़ाई बढ़ाने के लिए दोमंजिला स्टेशन बनाने पर काम होगा। यात्रियों के लिए वातानुकूलित बड़े-बड़े वेटिंग हॉल, सीसीटीवी कैमरे सहित इंटीग्रेटेड सुरक्षा के दायरे में होगा।
- 16 एस्केलेटर और 42 लिफ्ट: यात्रियों की आवाजाही आसान होगी।
- विशाल कॉनकोर्स एरिया: यात्रियों के लिए आरामदायक वेटिंग हॉल और बेहतर सुविधाएं।
- छत्तीसगढ़ी आर्ट और थीम बेस्ड डिजाइन: स्थानीय कला और संस्कृति को प्रमोट किया जाएगा।
- सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट और रेन वाटर हार्वेस्टिंग: स्टेशन को इको-फ्रेंडली बनाया जाएगा।
- 300 किलोवाट का सोलर प्लांट: ऊर्जा बचत पर विशेष ध्यान।
- 10 टिकट बुकिंग विंडो: लंबी लाइनों से छुटकारा मिलेगा।
- 74 मॉडर्न टॉयलेट्स: स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
- 6 मीटर चौड़ा ब्रिज: यात्रियों की भीड़ को मैनेज करने में मदद मिलेगी।
- 40 वाटर कूलर: हर प्लेटफॉर्म पर पीने के पानी की सुविधा।
- 26 कोच इंडिकेशन बोर्ड: यात्रियों को अपने कोच ढूंढने में आसानी होगी।