
CG Railway Station: छत्तीसगढ़ के रायपुर शहर में स्टेशन की सूरत बदलने के लिए अब निर्माण एजेंसी अपना तंबू लगाने के साथ ही स्टेशन के री-डेवलपमेंट प्लान के तहत होने वाले कामों का सर्वे कर रही है। नए साल जनवरी से निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। पार्सल आफिस से राजपूताना होटल तरफ जाने वाली सड़क के तरफ खाली जगह में कर्मचारियों के लिए शेड लगाने के साथ ही साइड बनाने का काम चल रहा है। 470 करोड़ की लागत से रायपुर स्टेशन सिटी सेंटर जैसी सुविधाओं वाला होगा। यानी कि यात्री सुविधाओं में विस्तार के साथ ही कारोबारियों को भी काफी सुविधाएं होंगी। यह प्रोजेक्ट दो साल में पूरा होना है।
बिलासपुर रेलवे जोन के प्रमुख रूप से तीन रेलवे स्टेशनों को री-डेवलपमेंट प्लान में रखा गया है, जिसका ऐलान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले साल अगस्त महीने में किया था। इस प्लान में रायपुर के अलावा बिलासपुर और दुर्ग स्टेशन भी शामिल है। सबसे पहले रायपुर स्टेशन का टेंडर फाइनल हुआ था, जिस पर अब प्रारंभिक तौर पर काम शुरू हुआ है। री-डेवलपमेंट प्लान में स्टेशन के दोनों मल्टीस्टोरी पार्किंग और आने-जाने के लिए चौड़ी सड़कें बनेंगी। सबसे पहले निर्माण की शुरुआत स्टेशन परिसर के खाली जगहों से होंगी। इसके बाद प्लेटफार्म एक की चौड़ाई बढ़ाने के लिए दोमंजिला स्टेशन बनाने पर काम होगा। यात्रियों के लिए वातानुकूलित बड़े-बड़े वेटिंग हॉल, सीसीटीवी कैमरे सहित इंटीग्रेटेड सुरक्षा के दायरे में होगा।
स्टेशन के वीआईपी गेट के हॉल में री-डेवलपमेंट का मॉडल रखा हुआ है। अभी जिस जगह पर आरपीएफ का थाना संचालित हो रहा है, उस तरफ के सभी सरकारी क्वार्टर टूटेंगे और वहां एक सड़क सीधे एक्सप्रेस-वे सड़क के ओवरब्रिज के पास मिलेगी। ऐसे में फाफाडीह चौक और स्टेशन चौक के सामने लगने वाले ट्रैफिक से लोगों को काफी राहत मिलेगी। इससे ट्रांसपोर्टिंग सिस्टम को भी बढ़ावा मिलेगा। परिसर का दायरा ज्यादा हराभरा और खुला दिखेगा। क्योंकि सभी वाहन फिर मल्टीलेवल पार्किंग में ही खड़े होंगे।
रेल अफसरों के अनुसार पुराने ढांचे को बदलने पर ज्यादा काम होगा। स्टेशन की जो अभी हाल ही में नई फुटओवर ब्रिज प्लेटफार्म नंबर एक से सात नंबर प्लेटफार्म को जोड़ने वाली बनी है, उसे कोई नुकसान नहीं होगा। बल्कि अगले दो-ढाई महीने में यात्रियों को इस फुटओवर के दोनों तरफ एक-एक एस्केलेटर और लिफ्ट की सुविधा मिलने वाली है। अभी ये काम नहीं हुआ है। इसलिए बुजुर्ग, विकलांग और शारीरिक रूप से कमजोर यात्रियों को ब्रिज से आने-जाने में परेशानी है।
Updated on:
31 Aug 2024 10:33 am
Published on:
31 Aug 2024 10:33 am
