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बारिश शुरू फिर भी सड़कों की खुदाई, कई नालों का निर्माण भी नहीं हुआ पूरा

CG Raipur News : नगर निगम और स्मार्ट सिटी की लचर कार्यप्रणाली ने शहर के लोगों को मुसीबत में डाल दिया है।

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बारिश शुरू फिर भी सड़कों की खुदाई, कई नालों का निर्माण भी नहीं हुआ पूरा

बारिश शुरू फिर भी सड़कों की खुदाई, कई नालों का निर्माण भी नहीं हुआ पूरा

CG Raipur News : नगर निगम और स्मार्ट सिटी की लचर कार्यप्रणाली ने शहर के लोगों को मुसीबत में डाल दिया है। सड़कों में गड्ढों से आना-जाना मुश्किल होता है तो अधूरे नालों की वजह से पानी भराव के साथ ही पटिया के सहारे घरों से निकलने के लिए मजबूर हैं। निगम के जिम्मेदारों की ऐसी प्लाङ्क्षनग सवालों के घेरे में है। हैरानी ये कि अमृत मिशन योजना का काम कई सालों से चल रहा है। वह आज तक पूरा नहीं हुआ। वहीं, नाला निर्माण की खुदाई तब शुरू हुई, जब बरसात सिर पर था।

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जून तक होना था सभी सड़कें दुरुस्त, नहीं हुईं

बता दें कि महापौर एजाज ढेबर ने इस बात का दावा किया था कि जून तक शहर की सभी सड़कें दुरुस्त हो जाएंगी। हकीकत यह है कि उन सड़कों की खुदाई जारी है। क्योंकि अमृत मिशन योजना के तहत 7 दिन 24 घंटे पानी देने का प्रोजेक्ट अब तक अधर में है। जबकि, ये सभी काम 2022 तक पूरे हो जाने थे।

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15 मई के बाद शुरू हुआ नालों का निर्माण

निगम प्रशासन ने जिन नालों के निर्माण का प्लान किया, उसका काम ही 15 मई के बाद शुरू हुआ। जबकि जिम्मेदारों को यह पता था कि बरसात से पहले निर्माण पूरा नहीं होगा। फिर भी लोगों के घरों के सामने 8 से 10 फीट गहराई में खुदाई कराने में खूब जल्दबाजी दिखाई। वह अब लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। निगम की सूची में ऐसे 11 नाले अधूरे हैं।


केवी-२ के छात्रों तक को नहीं बख्शा

शहर के डीडीनगर वार्ड 41 में केंद्रीय विद्यालय-2 संचालित है। यहां की मुख्य सड़क से विद्यालय के 2 हजार छात्र-छात्राएं और आसपास के लोगों की आवाजाही होती है। वहां सेंचुरी कॉलोनी तक 27 लाख 11 हजार की लागत से नाले का निर्माण अधूरा पड़ा है और अब आने-जाने में भारी मुसीबत का सामना करना पड़ता है। हमेशा उस हिस्से से स्कूली बसें निकलने के दौरान दोनों तरफ ट्रैफिक जाम हो जाता है।

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तीन महीने से एक तरफ की सड़क बंद

चौंकाने वाली बात ये है कि शहर के ऐतिहासिक बूढ़ातालाब के परिक्रमा पथ के एक तरफ की रोड आज तीन महीने से बंद पड़ी है। यहां स्मार्ट सिटी कंपनी ने तालाब के नेहरू नगर साइड से कुशालपुर ढलान तक अंडरग्राउंड नाले का निर्माण अप्रैल महीने में शुरू कराया। वह रोड आज तीन महीने से एक तरफ आवाजाही के लिए बंद है और अधूरा है।

राजधानी के आनंद नगर में 150 लोगों के घरों के सामने नाला निर्माण के नाम पर खाई खोद दी गई है। करीब 300 करोड़ की लागत से बनने वाले इस नाले के निर्माण में मनमानी की गई। टेंडर फाइनल होने के महीनेभर बाद 11 मई को 25 मीटर तक खुदाई कराई गई, वह हिस्सा भी आज तक नहीं बन पाया।

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बारिश रुकने के दौरान निर्माण कार्य चलेगा

अधिकांश सड़कों का डामरीकरण कराया जा चुका है। 24 घंटे पानी देने के प्लान पर अमृत मिशन का काम कुछ जगहों पर चल रहा है। बरसात से पहले नाला निर्माण का प्लान था, परंतु फंड स्वीकृति में समय लगा है। इसलिए देर हुई है। बारिश रुकने के दौरान निर्माण कार्य चलेगा।
-अभिषेक अग्रवाल, अपर आयुक्त निगम