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सावधान! बैंक, घर और दफ्तर के बाहर खड़ी कार का शीशा तोड़कर चोरी करता है ये गिरोह

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में खड़ी कार का शीशा तोड़कर उठाईगिरी करने वाला गिरोह सक्रिय हो गया है। गिरोह के लोग बैंक आसपास रहते हैं और आने वाले ग्राहकों पर नजर रखते हैं। इसके बाद उनका पीछा करते हैं। कार खड़ी करने के बाद शीशा तोड़कर बैग, नकदी, लैपटॉप आदि निकाल लेते हैं। तेलीबांधा और उरला इलाके में इसी तरह की वारदात की है। तेलीबांधा इलाके में अज्ञात आरोपियों ने बैंक से पीडि़त का पीछा करना शुरू किया और उनके घर तक पहुंचे।

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सावधान! बैंक, घर और दफ्तर के बाहर खड़ी कार का शीशा तोड़कर चोरी करता है ये गिरोह

चोरी ऐसी कि कार का शीशा टूटने की आवाज तक किसी को नहीं आती।

रायपुर. राजधानी में एक पार्किंग में खड़ी कार का शीशा तोड़कर चोर रुपए लेकर चंपत हो गए। इसी तरह उरला के फैक्ट्री मालिक बैंक में पैसा जमा करने गए थे। वहां से लौटकर अपने ऑफिस पहुंचे और पार्किंग में कार खड़ी की। इस बीच किसी ने कार का शीशा तोड़कर बैग में रखे उनके रुपए ले भागे। दोनों ही मामलों में पुलिस ने अपराध दर्ज किया है, लेकिन आरोपियों का पता नहीं चल पाया है। इन वारदातों में खास बात है कि जिस समय शीशा टूटा, उसकी आवाज किसी को सुनाई नहीं दी। इस वजह से किसी का ध्यान इस ओर नहीं गया। तारकेश्वर पटेल, एएसपी-पूर्व, रायपुर ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है। कुछ जगह सीसीटीवी फुटेज मिले हैं। उसकी जांच की जा रही है।

शक नहीं हुआ
एश्वर्या एम्पायर के सीसीटीवी में भरतकुमार की कार खड़ी करने के बाद दो बाइक वाले कॉलोनी में घुसे। थोड़ी देर बाद दोनों लौट गए। किसी ने उन्हें टोका नहीं और न पूछताछ की। इसी का फायदा उठाते हुए आरोपी वापस चले गए।

दो बाइक वाले पीछा करते दिखे
तेलीबांधा और उरला की वारदात में बैंक से दोनों पीडि़त जैसे ही निकले हैं, वैसे ही उनके पीछे दो बाइक में सवार चार युवक पीछे लगे थे। जैसे ही पीडि़तों ने कार खड़ी की है, बाइक सवारों ने कार का शीशा तोड़कर रकम निकाल लिया। पुलिस को कुछ जगह से दोनों बाइक सवारों का फुटेज मिला है। पुलिस इसकी तस्दीक करते हुए आरोपियों की तलाश में लगी है। दोनों वारदात में एक गिरोह का हाथ है।

तीन साल पहले भी आया था गिरोह
इस तरह की वारदात करने वाला गिरोह तीन साल पहले भी रायपुर में सक्रिय था। उस समय आधा दर्जन से अधिक कारों के शीशे तोड़कर रकम उड़ाए थे। शीशा तोडऩे के लिए खास तरह के केमीकल का इस्तेमाल करते थे। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में लगी है।

केस-1
11 मार्च सुबह 11.45 बजे भरतकुमार चांदवानी मरीन ड्राइव स्थित आईसीआईसीआई बैंक गए। बैंक से 2 लाख रुपए निकाला। 15 हजार रुपए जेब में रखा। बाकी रकम एक लैपटॉप बैग में रखकर अपनी कार सीजी 04 एमजे 6418 से कर लौट रहे थे। बैग को उन्होंने ड्राइवर सीट के नीचे रख दिया था। दोपहर 12.10 बजे लाभांडी स्थित अपने फ्लैट एश्वर्या एम्पायर पहुंचे। पार्किंग में कार खड़ी कर फ्लैट में चले गए। करीब 1 बजे पार्किंग में लौटे, तो कार का शीशा टूटा हुआ था और नोटों से भरा उनका बैग नहीं था।

केस-2
9 मार्च को उरला स्थित आईएमआई एब्रासिव प्राइवेट लिमिटेड के मालिक रामकुमार सिंघी अपने घर महोबाबाजार से कार में 1 लाख 70 हजार रुपए जमा कराने टाटीबंध स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा गए थे। दोपहर करीब 2 बजे लंच होने के कारण रकम जमा नहीं हुआ, तो रामकुमार अपनी फैक्ट्री लौट गए। कार ऑफिस के बाहर खड़ी करके भीतर चले गए। इस दौरान किसी ने उनके कार का शीशा तोड़कर नोटों से भरा बैग लेकर भाग निकले।