17 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

गांजा, भांग का नशा एक दिन का, हरि नाम का जीवनभर रहेगा

- मोया में भागवत कथा का समापन- कथा के आखिरी दिन हुआ महाप्रसादी का आयोजन, उमड़े आस-पास के ग्रामीण, जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए

2 min read
Google source verification
गांजा, भांग का नशा एक दिन का, हरि नाम का जीवनभर रहेगा

गांजा, भांग का नशा एक दिन का, हरि नाम का जीवनभर रहेगा

ब्यावरा. समीपस्थ गांव मोया में आयोजित भागवत कथा का समापन मंगलवार को हुआ। कथा में कथाचार्य महेश गुरुजी उÓजैन ने कहा कि लोग रोजाना गांजा, भांग, शराब पीकर नशा करते हैं, शाम को पीते हैं और सुबह नशा उतर जाता है। अरे पीना है तो हरिनाम का प्याला पी जिससे जिंदगी ही सुधर जाएगी और जीवनभर नशा रहेगा।

उन्होंने कहा कि शराब, गांजा, भांग का नशा करने वाले इंसान से हर रोज घर में दरिद्रता आती है, जिससे घर वालों के साथ-साथ पूरा परिवार दु:खी होता है। जिससे धन के साथ-साथ बुद्धि का भी विनास हो जाता है। ऐसी चीज पीने से क्या मतलब है, अगर जिंदगी में एक बार हरि नाम का प्याला पी लिया तो पूरा जीवन ही सुधर जाएगा।

आज कल तो सत्संग सेवा साधना हो गई है, आप हो गए परमहंस, दुनिया बहुत ही स्वार्थी हो गई। यहा कोई किसी का साथी नहीं है, यहा तो सब एक दूसरे को निपटाने में लगे है, जो साथ चलने वाले आखिरी में छोड़ देते है।

अगर स"ाा संत एक बार पकड़ ले तो फिर छोड़ते नहीं है, सीधे तार देते है सेवा ही सबसे बड़ी मेवा है। कथा में मित्रता का वृतांत सुदामा चरित्र का सुनाते हुए कहा कि अगर किसी से मित्रता तो करनी है, तो भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा जैसी करना चाहिए।

एक मित्र पर अगर किसी प्रकार की परेशानी आती है, तो दूसरे मित्र को संभाल लेना चाहिए। यह सब समय का फेर रहता है, यहा न कोई गरीब है और न ही कोई अमीर, सिर्फ मन से इंसार गरीब होता और मन से ही अमीर। सत्य पर चलने वाला मनुष्य समय के अनुसार परेशान जरूर हो सकता है, लेकिन परास्त नहीं। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भागवत कथा समापन के बाद महाप्रसादी ग्रहण की।

भागवत आज से छापीहेड़ा में
भागवत कथा के दौरान उ"ौन से पधारे संत महेश गुरु ने बताया कि उनकी अगली भागवत कथा 08 से 14 जनवरी तक छापीहेड़ा में होगी। जिसमें समस्त धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं से शामिल होकर धर्मलाभ लेने के लिए प्रेरित किया। वहां भी रोजाना भागवत से जुड़े विभिन्न प्रसंगों पर आधारित प्रवचन होंगे।