
Murder Case Accused
खमनोर. थाना क्षेत्र के गांवगुड़ा स्थित चमत्कार चौराहे पर हुए युवक के निर्मम हत्याकांड की जड़ें कई माह पुरानी रंजिश में छिपी हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि मृतक हिम्मतसिंह और आरोपियों के बीच पिछले 5–6 महीनों से विवाद चल रहा था, जिसकी शुरुआत गुजरात के अहमदाबाद शहर में होटल व्यवसाय को लेकर हुई थी। यह विवाद पहले मारपीट तक सीमित रहा, लेकिन मंगलवार को इसने तलवार से किए गए जघन्य हत्याकांड का रूप ले लिया। पुलिस के अनुसार मृतक हिम्मतसिंह के परिचितों ने अहमदाबाद में आरोपियों की होटल के पास ही खाने-पीने की एक होटल खोल दी थी। इस पर आरोपियों ने आपत्ति जताई, लेकिन हिम्मतसिंह ने होटल हटाने से इनकार कर दिया। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में पहले भी मारपीट हो चुकी थी। यह आपसी रंजिश समय के साथ और गहराती चली गई।
थानाधिकारी नरेंद्रसिंह भाटी ने बताया कि होटल विवाद के बीच आरोपी हमेरसिंह का परिवार अस्थि विसर्जन के लिए पुष्कर गया हुआ था, जिसमें आरोपी कालूसिंह और उसका परिवार भी शामिल था। 4 जनवरी को मृतक हिम्मतसिंह अपने दोस्तों के साथ ईको वैन में देवगढ़ के पास बग्गड़ टोल नाके पहुंचा, जहां पुष्कर से लौट रहे हमेरसिंह और उसके परिवार के साथ उसकी मारपीट हो गई। इस घटना की जानकारी हमेरसिंह ने अपने साथियों को दी, जिसके बाद सभी ने मिलकर हिम्मतसिंह को सबक सिखाने की योजना बनाई। इसके बाद नाथूसिंह, प्रकाशसिंह, प्रेमसिंह, किशनसिंह और हिम्मतसिंह अहमदाबाद से गांव पहुंचे।
मंगलवार को जब हिम्मतसिंह बोलेरो गाड़ी में गांवगुड़ा की ओर जा रहा था, तभी आरोपियों ने अपनी स्कॉर्पियो गाड़ी से उसका पीछा किया। पीछा होते देख हिम्मतसिंह ने चमत्कार चौराहे पर गाड़ी रोक दी। यहां सभी हमलावरों ने मिलकर तलवारों से हिम्मतसिंह पर ताबड़तोड़ वार किए। सिर और पैरों पर गंभीर चोटें लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
थानाधिकारी नरेंद्रसिंह भाटी ने बताया कि झालों की मदार, सरवड़ियों की भागल निवासी हिम्मतसिंह (30) पुत्र प्रतापसिंह की हत्या के मामले में पुलिस ने केलवाड़ा थाना क्षेत्र के पासुन निवासी नाथूसिंह (35) खरवड़, प्रकाशसिंह (30) खरवड़, हमेरसिंह (32) खरवड़, हिम्मतसिंह खरवड़, किशनसिंह खरवड़, कालूसिंह खरवड़ को गिरफ्तार किया है।
हत्याकांड के दूसरे दिन बुधवार सुबह गांवगुड़ा के 300 से अधिक ग्रामीण खमनोर थाने पहुंचे। ग्रामीणों ने “हत्यारों को फांसी दो” के नारे लगाए और इस हत्याकांड में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। साथ ही सभी आरोपियों की अवैध संपत्तियों को चिन्हित कर ध्वस्त करने की मांग भी उठाई गई। तहसीलदार सुरेश नाहर और थानाधिकारी नरेंद्रसिंह भाटी ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि मामले में कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीण करीब एक घंटे तक थाने पर डटे रहे और अपनी मांगें पुलिस-प्रशासन के समक्ष रखीं।
इस जघन्य हत्याकांड की जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए गठित पुलिस टीम में केलवाड़ा थानाधिकारी मन्मथ हाड़ा, खमनोर एएसआई गमेरसिंह, माधुसिंह, बलवीरसिंह, देवेंद्रसिंह, हैड कांस्टेबल दिनेशसिंह, कैलाशचंद्र, कांस्टेबल चौखाराम, राधेश्याम, शक्तिसिंह, उग्रसेन, रामरूप, रोहिताश, राहुल, राधामोहन, कमलेश कुमार, हुकुमसिंह, मनीष आरटी, चालक दलपतसिंह एवं किशनलाल शामिल रहे।
Published on:
08 Jan 2026 12:23 pm
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