रामगढ़। पति के दीर्घायु होने की मंगल कामना के साथ सुहागिनों ने तीज व्रत मनाया। इस पर्व को लेकर रविवार देवघर के बाबा मंदिर में शुभ मुहूर्त में दोपहर के बाद से ही सुहागिनों की भीड़ जुटने लगी। आज के दिन सुहागिन महिलाएं अष्ट प्रहर निर्जला उपवास रख कर अपने सुहाग की रक्षा के लिए भगवान भोलेनाथ और मां पार्वती की पूजा करती है।
देवघर मंदिर परिसर में पुरोहितों ने कई जगहों पर कथा वाचन की व्यवस्था रखी थी। जहां बड़ी संख्या में महिलाओं ने एक साथ कथा सुनकर अपने सुहाग की रक्षा की भगवान भोलेनाथ से याचना की। ऐसी मान्यता है कि माता पार्वती ने भी भोलेनाथ को अपने पति के रुप में पाने के लिए तीज का व्रत किया था।
रविवार को महिलाओं ने हरितालिका तीज का उपवास रखा। तीज व्रत के क्रम में महिलाओं ने निर्जला उपवास रखा। जानकारी के अनुसार संध्या होने से पूर्व लगभग चार बजे से ही शहर के विभिन्न मंदिरों में तीज पूजन का कार्यक्रम प्रारंभ हो गया था। मंदिरों में पुजारियों द्वारा हरितालिका तीज की कथा सुनायी गई।
देर संध्या तक मंदिरों में पूजन व कथा सुनने का सिलसिला जारी था। शहर के प्राचीन महावीर मंदिर, किला मंदिर, श्री मारवाड़ी सत्यनारायण मंदिर, संकट मोचन मंदिर, थाना के निकट रामेश्वर धाम मंदिर, बाजार टांड़ स्थित शिव मंदिर, पारसोतिया मंदिर, गोरियारी बागी स्थित रत्नेश्वर शिव मंदिर, नेहरू रोड स्थित शंकर-शंभू शिवालय, बिजुलिया स्थित शिव हनुमान जलाराम मंदिर, गौशाला मंदिर, जारा टोला मंदिर आदि में देर संध्या तक महिलाओं की भीड़ तीज की कथा सुनने को लगी रही।