ढींगराने बताया कि उसकी रूचि कंप्यूटर साइंस में है। वह कंप्यूटर साइंस से ही बीटेक करना चाहता है। उसकी पहली च्वाइस आईआईटी मुंबई है। उनका कहना है कि जेईई एग्जाम के लिए उन्होंने घर पर हर दिन पांच से छह घंटे स्टडी की। कोई भी दिन बिना स्टडी किए नहीं गया। उनका कहना है कि युवाओं को बिना स्ट्रेस लिए एग्जाम की तैयारी करनी चाहिए। कोई भी एग्जाम ऐसा नहीं है कि जिसे हम क्लियर नहीं कर सकते। उनका कहना है कि इस कामयाबी के पीछे उनके पिता इंद्रजीत सिंह, माता सविता, दोनों बहनों और स्कूल टीचर्स का योगदान है। क्योंकि उन्होंने हमेशा उसका हौंसले को बढ़ाया।