रीवा. संजय गांधी अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने जटिल ऑपरेशन कर बच्चे की जान बचाई गई। बच्चे ने पेन का ढक्कन निगल लिया था जो श्वांस नली में फंस गया था। जिससे बच्चे को श्वांस लेने में दिक्कत हो रही थीं। उसको गंभीर हालत में संजय गांधी अस्पताल लाया गया था।
आर्यन जायसवाल पिता राघवेंद्र जायसवाल (9) निवासी बाणसागर कॉलोनी रीवा अपने घर में खेलते हुए स्केच पेन का लगभग तीन सेंटीमीटर बड़ा ढक्कन निगल लिया जो उसकी श्वांस की नली में फंस गया। उसके बाद बच्चे को श्वांस लेने में तकलीफ हो रही थी। उल्टी और खांसी होने पर तुरंत संजय गांधी अस्पताल के नाक कान गला विभाग में लाया गया। जहां दूरबीन की मदद से देखने पर सांस की नली में कोई बाहरी वस्तु फंसी दिखाई दी। मरीज के शरीर में ऑक्सीजन का स्तर भी लगातार गिरने लगा।
बिना समय गवाए तुरंत ईएनटी सर्जन की टीम ने जटिल रिजिड ब्रॉन्कोस्कोपी ऑपरेशन कर पेन के ढक्कन को निकालने का निर्णय लिया। आपरेशन के दौरान भी मरीज का ऑक्सीजन स्तर कई बार 30 तक गिर रहा था पर निश्चेतना विभाग के विशेषज्ञ डॉ. कुलदीप पटेल की टीम ने इतने कम ऑक्सीजन स्तर पर भी बच्चे का जटिल ऑपरेशन करवाया। इस जटिल ऑपरेशन को नाक कान गला विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. सुरेंद्र सिंह मौपाची के निर्दश में डॉ. मोहम्मद अशरफ, डॉ. यासमीन सिद्दीकी टीम ने अंजाम दिया।