13 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

माता-पिता का ऋण चुकाना हमारे लिए इस जन्म में नामुमकिन है : केशव गिरी महाराज

विश्व एवं राष्ट्र कल्याण की भावनाओं को लेकर हो रहे ग्राम खेजरा बुधू में 9 दिवसीय शतचंडी महायज्ञ व शिव महापुराण मां नर्मदा के भक्त गृहस्थ संत केशव गिरी महाराज सानिध्य में चल रहा है।

less than 1 minute read
Google source verification

सागर

image

Rizwan ansari

Jun 01, 2025

sagar

sagar

विश्व एवं राष्ट्र कल्याण की भावनाओं को लेकर हो रहे ग्राम खेजरा बुधू में 9 दिवसीय शतचंडी महायज्ञ व शिव महापुराण मां नर्मदा के भक्त गृहस्थ संत केशव गिरी महाराज सानिध्य में चल रहा है। शनिवार को महाराज ने देवराज की कथा को सुनाते हुए कहा कि देवराज नाम का ब्राह्मण वैदिक धर्म से विमुख और अपने माता-पिता से सदा विमुख रहता था। माता-पिता व गुरुजनों के बताए हुए सदमार्ग पर नहीं चलता। सदा माता-पिता और गुरुजनों का अनादर किया करता। महाराज ने कहा कि माता-पिता इस संसार की वह हस्ती है, जिनका ऋण चुकाना हमारे के लिए इस जन्म में नामुमकिन है, क्योंकि माता-पिता से बढक़र इस संसार में दूसरा कोई नहीं है। माता-पिता की सेवा करने से सभी देवताओं की सेवा हो जाती है। शास्त्रों में तन की पवित्रता सिर्फ सेवा से ही कही गई है। महाराज ने कहा कि माता-पिता ईश्वर के दिए हुए अनमोल उपहार होते हैं। इनकी सदैव सेवा और इनका सदा ख्याल रखना चाहिए यही पुत्र का सबसे बड़ा धर्म है। पंडित जगदेव पांडे ने स्वरचित गद्य पंक्तियों से भक्तों को भाव विभोर किया। इस अवसर पर सुनील तिवारी, अखिलेश गौर, रितेश तिवारी, नितिन राठौर, वीरेन्द्र गौतम, हरिनारायण नायक, लखन सोनी व राम चरण लोधी आदि मौजूद रहे।