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अस्पताल में गांजा बेचते हुए सुरक्षा गार्ड ने युवक को पकड़ा, जब्त की दस पुडिय़ा

-जिला अस्पताल में नशे की हालत में आए दिन हो रहे विवाद पर अंकुश लगाने कलक्टर के निर्देश दिए थे सर्चिंग के निर्देश-प्रबंधन ने जब्त गांजा पुलिस के किया सुपुर्द, पुलिस जुटी मामले की जांच में।  

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सागर

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Aakash Tiwari

Mar 19, 2023

Security guard caught young man while selling ganja in hospital, seized ten bags

Security guard caught young man while selling ganja in hospital, seized ten bags

दमोह. जिला अस्पताल में शनिवार को ओपीडी गेट से दाखिल होने वाले लोगों की तलाशी ली गई। इस दौरान एक युवक के पास दस गांजे की पुडिय़ां जब्त हुई है। सुरक्षाकर्मियों ने तत्काल इसकी सूचना सिविल सर्जन को दी। तलाशी के दौरान बीड़ी सिगरेट और तम्बाकू मिलना तो आम बात है, लेकिन गांजे की पुडिय़ा मिलने की खबर से प्रबंधन भी हैरान दिखा। आनन-फानन में सीएस डॉ. राजेश नामदेव ने कोतवाली थाना प्रभारी को इस घटनाक्रम से अवगत कराया। पुलिस ने भी मामले को जांच में लिया है।
जानकारी के अनुसार दमोह निवासी नागर युवक के पास गांजे की पुडिय़ा मिली है। उसने कबूल किया है कि वह गांजे की पुडिय़ा बेचने का काम करता है और अस्पताल में इसी उद्देश्य से आया था। गांजा बेचते हुए पकड़े जाने के सवाल पर प्रबंधन का कहना है कि अस्पताल परिसर में इस तरह की गतिविधियां नहीं होती हैं। इस तरह की यह पहली घटना है। बहरहाल इस घटनाक्रम के सामने आने के बाद एक बात तो साफ है कि अस्पताल परिसर में नशा बेचने वाले सक्रिय है और इसी वजह से अस्पताल में आए दिन विवाद हो रहे हैं।
-कलक्टर के निर्देश के बाद शुरू हुई सर्चिंग
बीते कुछ दिनों से अस्पताल का माहौल खराब बना हुआ था। आए दिन असामाजिक तत्वों द्वारा उत्पात मचाते हुए डॉक्टर व स्टाफ से अभ्रदता की जा रही थी। डॉक्टरों के भारी विरोध के बाद कलक्टर ने सिर्फ मरीज के अटैंडरों को प्रवेश दिए जाने के निर्देश दिए थे। साथ ही ओपीडी गेट पर तलाशी लिए जाने को भी निर्देशित किया था। विगत दो दिनों से गेट पर सर्चिंग की जा रही है। इससे काफी संख्या में पाउच, बीड़ी-सिगरेट आदि जब्त हो रहे हैं।
-मरीज के साथ सिर्फ एक अटेंडर को मिले एंट्री
अमूमन देखा जा रहा है कि अस्पताल में आने वाले औसतन एक मरीज के साथ ३ से ४ अटेंडर भी आते हैं। इस स्थिति में ऐसा लगता है, जैसे अस्पताल मरीजों से भरा हुआ है। जबकि यदि एक मरीज के साथ एक अटेंडर का फामूर्ला लागू कर दिया जाए तो एक तरफ अस्पताल के अंदर भीड़ कम होगी। वहीं, विवाद की स्थिति पर भी अंकुश लगेगा।
-चैकिंग अभियान जारी रहना चाहिए
ओपीडी गेट पर तलाशी की प्रक्रिया कोई नई पहल नहीं है। अस्पताल में गंदगी फैलाने वालों पर नकेल कसने के लिए पूर्व में भी गेट पर तलाशी ली जाती थी, लेकिन कुछ दिनों बाद यह तलाशी लेना बंद हो जाता था। यदि यह प्रक्रिया लंबी चले तो निश्चित रूप से अस्पताल को पीकदान बनाने वाले लोगों की संख्या में कमी आएगी।

वर्शन
सुरक्षा कर्मियों के द्वारा ली गई तलाशी के दौरान युवक के पास से गांजे की पुडिय़ा मिली थी। उसे जब्त किया गया है और कोतवाली थाने को सूचना दी गई है।
डॉ. राजेश नामदेव, सीएस दमोह

वर्शन
सीएस ने गांजा जब्त करने की सूचना दी है। हालांकि जो गांजा मिला है वह काफी कम मात्रा में है। फिर भी मामले की जांच कराई जा रही है।

विजय राजपूत, थाना प्रभारी कोतवाली