
देवरी के टड़ा से नरसिंहपुर की ओर मुड़ा टिड्डी दल,देवरी के टड़ा से नरसिंहपुर की ओर मुड़ा टिड्डी दल
दवा छिड़काव के लिए फायर ब्रिगेड तैनात
जैसीनगर. मध्यप्रदेश में टिड्डी दल का प्रवेश हो चुका है । दल ने 25 जिलों में फसलों और वनस्पतियों को काफी नुकसान पहुंचाया है। टिड्डी दलों को सोमवार रात रायसेन जिले के सियरमऊ के जंगलों में देखा गया था। सियरमऊ यहां से 30 किमी दूर है और जैसीनगर रायसेन सागर जिले की बॉर्डर पर स्थित है इस कारण कृषि विभाग सतर्कता बरत रहा है। टिड्डी दलो को भगाने के लिए तमाम उपकरण और फायर बिग्रेड को भी तैनात किया गया है। यह बात अनुविभागीय अधिकारी कृषि विभाग सागर अनिल राय ने जैसीनगर पहुंचने पर किसानों से कही। उन्होंने बताया कि रायसेन जिले की सिलवानी विकासखंड के सियरमऊ के जंगलों में टिड्डी दल के आने की सूचना मिली थी अभी टिड्डी दल सियरमऊ के जंगलों से टड़ा की ओर मुड़ चुका है वहां से प्रतापगढ़ जिला नरसिंहपुर का रुख किया है। टिड्डी दल 5-6 प्रकार के है अगर जैसीनगर के साथ जिले में यह दल आता है तो हम सभी लोग सतर्क हैं। किसानों को जागरूक कर रहे हैं। सभी क्षेत्रीय अधिकारी सतर्क है। बताया कि टिड्डी का दल शाम के वक्त जब एक जगह एकत्रित होकर एक जगह बैठता है तो फायर बिग्रेड की सहायता से दवाइयों का छिड़काव करते हैं जिससे काफी हद तक नियंत्रित होता है। दिन के समय डीजे, ढोल थाली बजाकर टिड्डी दल को आगे बढ़ाने का प्रयास करते हैं। इसके साथ ही शाम के समय मे किसान रासायनिक दवाओं में कलोरोपायरीफॉॅस, लेम्डासायलोथ्रिन दवाइयों के टिड्डियों के ऊपर छिड़काव कर टिड्डी से फसलों को बचाया जा सकता है।
टिट्डी दल को थाली बजाकर खदेड़ा
देवरी कला. टिड्डी दल केसली विकासखंड के विभिन्न गांवों से होते हुए दोपहर में देवरी पहुंचा जो झिरिया आधारपुर, थावरी, झमरा जमुनिया, मुआर, बेलढाना, देवरी बाईपास से होते हुए ग्राम बिछुआ होकर रहली विकासखंड में प्रवेश कर गया। वरिष्ठ कृषि विस्तार अधिकारी देवेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि देवरी विकासखंड में कोई खासा नुकसान नहीं पहुंचा है किसानों ने ध्वनि प्रदूषण करके को खदेड़ दिया है। टिड्डी दल रात्रि रोकने पर नुकसान पहुंचाता है लेकिन यहां रात्रि में यह दल नहीं रुक पाया है।
Updated on:
27 May 2020, 5:33 PM IST
Published on:
27 May 2020, 5:33 PM IST
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